
MP News: इंदौर पुलिस ने बाल विवाह मामले में सात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है. आरोपियों में एक पुजारी समेत 15 साल की नाबालिग और 19 साल के एक लड़के के माता-पिता शामिल हैं. नाबालिग किशोरी से बालिग लड़के की शादी 24 अप्रैल को हिंदू रीति रिवाज से हुई थी.
दरअसल, मध्य प्रदेश सरकार ने बाल विवाह पर रोक लगाने के लिए साल 2013 में लाडो अभियान नाम से एक अभियान शुरू किया था. इसी अभियान के तहत उड़नदस्ते का हिस्सा रहे महेंद्र पाठक के मुताबिक, नाबालिग लड़की के पिता ने उन्हें बताया कि उनकी बेटी और 19 वर्षीय लड़का एक-दूसरे से प्यार करते हैं. लड़की ने अपने परिजनों को धमकी भी दी थी कि अगर उन्होंने प्रेमी से शादी नहीं करने दी तो वह अपनी जिंदगी खत्म कर लेगी.
इसके बाद माता पिता ने कम उम्र में ही बेटी की शादी कर दी. अब लाडो अभियान के सदस्यों की तरफ से सूचना मिलने पर चंदन नगर पुलिस ने बाल विवाह करवाने वाले 7 लोगों के खिलाफ बाल विवाह निषेध अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है.
बता दें कि देश में 21 साल से कम उम्र के लड़के और 18 वर्ष से कम उम्र की लड़कियों के विवाह गैर कानूनी है. इसका उल्लंघन करने पर बाल विवाह निषेध अधिनियम 2006 के तहत 2 साल की कठोर कारावास या एक लाख जुर्माना या दोनों का प्रावधान है.