
मध्यप्रदेश में अधिकारियों की बदजुबानी थमने का नाम नहीं ले रही है. शाजापुर में ड्राइवर से 'औकात' पूछने वाले कलेक्टर के बाद अफसरशाही का एक और मामला सामने आया है. गुरुवार को देवास जिले के सोनकच्छ की तहसीलदार अंजली गुप्ता का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ.
सोनकच्छ के निकट कुमारिया राव गांव में खड़ी फसल के बीच खेतों में बिजली के पोल लगाने को लेकर किसान और तहसीलदार अंजली गुप्ता आमने -सामने हो गए. इस दौरान किसान के बेटे ने अंग्रेजी में कह दिया- ‘यू आर रिस्पॉन्सिबल’ यह शब्द सुनते ही तहसीलदार भडक़ उठीं और कहा, चूजे हैं ये. अंडे से निकले नहीं, बड़ी-बड़ी मरने-मारने की बात करते हैं. मैं अभी तक आराम से बात कर रही थी लेकिन आज इसने कैसे बोल दिया मैं कैसे जिम्मेदार हूं ?
50 सेकंड का यह वीडियो गुरुवार दोपहर वायरल होने के बाद रात होते-होते तहसीलदार मैडम मुख्यालय अटैच कर दी गईं. सीएम डॉक्टर मोहन यादव के निर्देश पर कलेक्टर ऋषव गुप्ता ने अंजली गुप्ता को जिला मुख्यालय के निर्वाचन कार्यालय में अटैच कर दिया.
यह थी पूरी वजह
दरअसल, मप्र पॉवर ट्रांसमिशन क.लि. (MPPTL)सोनकच्छ क्षेत्र में 132 के.व्ही. लाइन बिजली के टॉवर खड़े कर रही है. टॉवर किसानों के खेत में लगाए जाने हैं. चूंकि फसल खड़ी है, ऐसे में उचित मुआवजा मिलना है. पहले तहसीलदार MPPTL के अधिकारियों के साथ बुधवार 10 जनवरी को किसानों से बातचीत करने गई थीं. बताया जा रहा है कि किसान समझाइश के बाद भी कार्य में व्यवधान उत्पन्न कर रहे थे. उन्हें समझाया गया. समझाने के बाद गुरुवार 11 जनवरी को भी किसानों ने व्यवधान उत्पन्न किया.
'दो शब्द पढ़ लिए तो अंग्रेजी में बोल रहे'
मौके पर पहुंची तहसीलदार को जैसे ही किसान ने इंग्लिश में कहा 'यू आर रिस्पॉन्सिबल'.....तो तहसीलदार मैडम ने आपा खो दिया. गुस्से में मैडम बोल उठीं, 'चूजे हैं ये'… अंडे से निकले नहीं इतनी बड़ी-बड़ी मरने-मारने की बात करते हैं.''
उधर, वीडियो में कुछ किसान कह रहे हैं- अरे! साहब हमने नहीं किया, बच्चे हैं ये, हम आराम से बात कर रहे हैं, कल भी बात की थी हमने आराम से..! इधर, तहसीलदार चिल्लाते हुए बोल रहीं कि आराम से बात कर रहे थे तो आज इसने मुझे कैसे बोल दिया कि मैं रिस्पॉन्सिबल हूँ...? कैसे बोल दिया ? मैं हूं क्या ? मैं तहसीलदार हूं… किसका प्रोजेक्ट है ? शासन का प्रोजेक्ट है, शासन ने किसको चुना...? शासन को किसने चुना...? सरकार को आप लोगों ने चुना ... मैंने चुना क्या...? मैंने बोला क्या MPPTL को कि ख़म्बे लगाओ यहां पर... मैं कैसे रिस्पॉन्सिबल हूं...? दो शब्द पढ़ लिए तो अंग्रेजी में बोल रहे, यू ऑर रिस्पॉन्सिबल... आए बड़े...
इस बीच, किसान बोलते दिखे- अरे! नहीं साहब हम तो आपसे हाथ जोड़कर निवेदन कर रहे. हम तो अनपढ़-गंवार लोग हैं. खेती करने वाले लोग हैं. आख़िर में वीडियो बना रहे व्यक्ति को तहसीलदार बोल रही कि क्या हो रहा ये... देखें Video:-
अंजली गुप्ता ने दी सफाई
सोमवार दोपहर को अचानक वीडियो वायरल होने के बाद सोमवार शाम को सोनकच्छ तहसीलदार अंजली गुप्ता ने मीडिया के सामने सफाई देते हुए कहा, ''ये 11 जनवरी गुरुवार का वीडियो है. हम कुमारिया राव गए थे. किसान के खेत में 132 KV का टॉवर आ रहा था. उसके सम्बन्ध में समझाइश देने गए थे कि इसके बदले उन्हें पूरा मुआवजा दिया जाएगा. हम एक दिन पहले 10 जनवरी को भी गए थे कि ये शासकीय कार्य है, इसलिए शासकीय कार्य में बाधा न डालें. बार-बार समझाइश दी जा रही थी. उन्होंने सहमति भी दी थी लेकिन कुछ लोगों द्वारा असभ्य और गैर मर्यादित शब्दों का इस्तेमाल किया, जिसके रिएक्शन में मेरे द्वारा कहा गया. बाद में उन्होंने क्षमा भी मांगी. पूरा मामला वरिष्ठ अधिकारियों के संज्ञान में है और आपसी सहमति से MPPTL का काम भी शुरू हो चुका है. दो दिन बाद वे सभी 13 जनवरी को आए थे और मुझे आवेदन देकर क्षमा भी मांगी. और हाँ मेरे नॉलेज में जब आया कि एकपक्षीय वीडियो बना रहे जिसमें सिर्फ मैं ही दिख रही थी. मौके पर ही उन्हें वीडियो डिलीट करने का कहा था कि मैं एक महिला अधिकारी हूं, आप ये कैसे बना सकते हैं ? उनका कहना है कि वीडियो उसी समय डिलीट कर दिया था लेकिन हो सकता है कि गलती से वीडियो वायरल हो गया.'' देखें Video:-
CM के निर्देश पर कलेक्टर ने लिया एक्शन
वहीं, रात होते-होते मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सोशल मीडिया पर देवास जिले के सोनकच्छ तहसीलदार के वायरल हो रहे वीडियो को संज्ञान में लिया. मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सोशल मीडिया में लिखा, अधिकारी आम लोगों के साथ सभ्य और शालीन भाषा का इस्तेमाल करें. इस तरह की अभद्र भाषा बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं की जाएगी. मेरे निर्देश के बाद कलेक्टर द्वारा तहसीलदार को जिला मुख्यालय अटैच कर दिया गया है. मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि सुशासन हमारी सरकार का मूल मंत्र है.