चाल चक्र में आज हम आपको बताएंगे अपशब्द बोलने के योग कैसे बनते हैं. कुंडली का दूसरा, तीसरा और आठवां भाव वाणी से संबंध रखता है. इन भावों में अशुभ ग्रह होने से वाणी दूषित हो जाती है. वैसे वाणी को सबसे ज्यादा दूषित राहु और मंगल करते हैं. इनके प्रभाव से व्यक्ति अंट शंट बोलता है. शनि का प्रभाव होने से अपशब्द बोलने की आदत पड़ जाती है. बुध के दूषित होने पर भी व्यक्ति अपशब्द बोलता है. हालांकि ऐसी दशा में व्यक्ति अपशब्द हमेशा नहीं बोलता.