बाबा सूरज पाल का रहस्यलोक इतना गहरा है कि इसकी परतें अब खुल रही हैं. उसके आश्रमों से लेकर उसकी निजी आर्मी तक सब कुछ मायालोक जैसा है. लाखों लोगों की उस पर आस्था थी, लेकिन हाथरस में जानलेवा भगदड़ के बाद वो वहां से चुपचाप निकल गया. देखें 'एक और एक ग्यारह'.