Advertisement

अश्लील इशारे करता, अकेले रोकता और मिलने का दबाव बनाता था टीचर, छात्रा ने कर ली सुसाइड

टीचर बेटी पर मिलने के लिए दबाव बना रहा था और धमका भी रहा था. जब भी वह मना करती टीचर जिद्द पर अड़ जाता था. बेटी के बार-बार मना करने पर भी टीचर नहीं मानता था.

सांकेतिक तस्वीर सांकेतिक तस्वीर
शरत कुमार
  • जोधपुर,
  • 07 जनवरी 2025,
  • अपडेटेड 10:47 PM IST

राजस्थान के जोधपुर में टीचर से परेशान 15 साल की एक नाबालिग लड़की ने सुसाइड कर लिया है. पुलिस में दर्ज मामले के अनुसार आरोप है कि टीचर नाबालिग से स्कूल के बाहर मिलने के लिए दबाव बना रहा था. स्कूल की छुट्टी हो जाने पर अकेले रोकता था. इसी बात से तंग आकर नाबालिग ने सल्फास की गोलियां खा ली. अस्पताल में इलाज के दौरान नाबालिग ने दम तोड़ दिया. घटना जोधपुर कमिश्नरेट की है जहां मामले की जांच राजीव गांधी नगर पुलिस थाना कर रही है.

Advertisement

बेटी को छेड़ता था, मना करने पर धमकी देता 
मृतक नाबालिग के परिजनों ने पुलिस में शिकायत दी है कि उनकी बेटी एक प्राइवेट स्कूल में पढ़ती थी. प्राइवेट स्कूल का टीचर उनकी बेटी को अश्लील इशारे करता था. टीचर बेटी पर मिलने के लिए दबाव बना रहा था और धमका भी रहा था. जब भी वह मना करती टीचर जिद्द पर अड़ जाता था. बेटी के बार-बार मना करने पर भी टीचर नहीं मानता था. वह उसे बार बार धमकी देता था. जब भी स्कूल की छुट्टी होती टीचर बेटी को रोक लेता और सारे छात्रों के चले जाने का इंतजार करता था. जब सारे छात्र घर के लिए निकल जाते थे तो टीचर बेटी को छेड़ता था. बेटी ने कई बार टीचर से आग्रह किया कि उसके साथ ऐसा न किया जाए और घर जाने दिया जाए. लेकिन टीचर नहीं मानता था. टीचर की रोज-रोज की इस हरकत से बेटी तंग आ गई थी और उसने अपनी जान दे दी.   

Advertisement

कई बार शिकायत के बाद भी नहीं माना टीचर
परिजनों का आरोप है कि इस बात को लेकर स्कूल संचालक से टीचर की शिकायत भी की थी. बावजूद इसके आरोपी टीचर नहीं माना. टीचर से परेशान उनकी बेटी ने 5 दिसंबर को सल्फास की गोलियां खा ली. तबीयत बिगड़ने पर उसे अस्पताल ले जाया गया. जहां इलाज के दौरान बेटी की मौत हो गई. मौत के बाद परिजनों ने हंगामा मचाया, जिसके बाद आरोपी टीचर और अन्य लोगों से पूछताछ की जा रही है.

इस मामले के सामने आने के बाद इलाके के लोगों में काफी गुस्सा है. लोग स्कूल और टीचर के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कर रहे हैं. इलाके के परिजन अपने बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं.

(नोट:- अगर आपके या आपके किसी परिचित के मन में आता है खुदकुशी का ख्याल तो ये बेहद गंभीर मेडिकल एमरजेंसी है. तुरंत भारत सरकार की जीवनसाथी हेल्पलाइन 18002333330 पर संपर्क करें. आप टेलिमानस हेल्पलाइन नंबर 1800914416 पर भी कॉल कर सकते हैं. यहां आपकी पहचान पूरी तरह से गोपनीय रखी जाएगी और विशेषज्ञ आपको इस स्थिति से उबरने के लिए जरूरी परामर्श देंगे. याद रखिए जान है तो जहान है.)

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement