Advertisement

उत्तराखंड में पहली बार दिखा चाइनीज पौंड हेरॉन पक्षी, ब्रीडिंग सीजन में आया नया विदेशी मेहमान

Chinese Pond Heron Bird in Uttarakhand: उत्तराखंड के कोटद्वार में पहली बार दिखा चाइनीज पौंड हेरॉन. अभी तक भारत के इस इलाके में इस पक्षी के आने का कोई रिकॉर्ड दर्ज नहीं था. ये पहली बार है जब यह पक्षी ब्रीडिंग के लिए यहां आया है. इससे पहले यह पूर्वोत्तर राज्यों और राजस्थान में दिखा था.

ये है चाइनीज पौंड हेरॉन पक्षी जो चीन से उत्तराखंड पहली बार आया है. (सभी फोटोः किरन बिष्ट) ये है चाइनीज पौंड हेरॉन पक्षी जो चीन से उत्तराखंड पहली बार आया है. (सभी फोटोः किरन बिष्ट)
ऋचीक मिश्रा
  • नई दिल्ली,
  • 16 मई 2024,
  • अपडेटेड 4:42 PM IST

उत्तराखंड में एक नया विदेशी मेहमान आया है. न सिर्फ आया है बल्कि उसने उत्तराखंड के कोटद्वार को अपना ब्रीडिंग प्वाइंट भी बना लिया है. यह मेहमान एक पक्षी है. इसका नाम है चाइनीज पौंड होरॉन (Chinese Pond Heron). आमतौर पर यह पक्षी पूर्वोत्तर राज्यों जैसे- मेघालय, मिजोरम और नगालैंड में दिखता है. या फिर राजस्थान में. लेकिन उत्तराखंड में यह पहली बार आया है. 

Advertisement

इसे पहली बार उत्तराखंड की वाइल्डलाइफ बर्ड फोटोग्राफर और बर्ड गाइड किरन बिष्ट ने देखा. उन्होंने इसे अपने कैमरे में कैद किया. उन्होंने सीनियर बर्ड एक्सपर्ट्स से पूछा. सभी ने बताया कि उत्तराखंड में यह पहली बार देखा गया है. इसके अलावा किरन ने इंटरनेशनल बर्ड डेटाबेस चेक किया. 

यह भी पढ़ें: Himalaya की बर्फीली झीलों को लेकर ISRO का बड़ा खुलासा... सिंधु, गंगा और ब्रह्मपुत्र के ऊपर मुसीबत

बर्ड वॉचर्स की गाइड बुक्स जैसे Merlin App और E Bird जैसे एप्स में भी चेक किया लेकिन उत्तराखंड में इस पक्षी के आने-जाने या होने के कोई प्रमाण नहीं मिले. यानी पहली बार यह पक्षी उत्तराखंड आया है. वह इस सीजन में यहां ब्रीडिंग कर रहा है. जिसे किरन ने अपने कैमरे से कैप्चर किया. 

पक्षियों के ब्रीडिंग सीजन में कोटद्वार बना मेजबान 

Advertisement

किरन ने बताया कि वो हर रोज सुबह-शाम करीब डेढ़ से दो घंटे बर्ड वॉचिंग के लिए जाती हैं. उन्हें हाल ही में चाइनीज पौंड हेरॉन दिखा. इस समय दक्षिण भारत से कई प्रजातियों के पक्षी कोटद्वार आए हैं. जैसे लॉन्ग टेल ब्रॉड बिल और इंडियन पैराडाइज फ्लाईकैचर. खुशी इस बात की है चाइनीज पौंड हेरॉन ने भी कोटद्वार को चुना है. 

यह भी पढ़ें: Tibet के नीचे फट रही है Indian टेक्टोनिक प्लेट, 100-200 km लंबी दरार, तेजी से ऊपर जा रहा Himalaya... ज्यादा भूकंप की Inside Story

ये हैं वाइल्डलाइफ बर्ड फोटोग्राफर और बर्ड गाइड किरन बिष्ट. 

वाइल्डलाइफ बर्ड एक्सपर्ट हिमांशु तिर्वा ने बताया कि चाइनीज पौंड हेरॉन आमतौर पर असम, भूटान और राजस्थान में दिखते हैं. या फिर पूर्वोत्तर के राज्यों में लेकिन उत्तराखंड में पहली बार इस पक्षी का दिखना अच्छी खबर है. उत्तराखंड में इसकी मौजूदगी का आजतक कोई रिकॉर्ड नहीं है. 

कोटद्वार में पक्षी पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं

हिमांशु ने बताया कि यह ब्रीडिंग करने के समय है. इसने ब्रीडिंग के लिए उत्तराखंड को चुना है तो यह शानदार बात है. आमतौर पर यह पक्षी वेटलैंड्स पर पाया जाता है. यानी जहां पानी काफी मात्रा में हो. कोटद्वार में पक्षी पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं. 

Advertisement

यह पक्षी आमतौर पर पूर्वी एशिया में पाया जाता है. ये आमतौर पर कीड़े, छोटी मछलियां और क्रस्टेशियंस को खाता है. मादा पक्षी एक बार में 3 से 6 अंडे देती है. इसके अंडे नीले-हरे रंग के हते हैं. 

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement