वो 28 अगस्त 2024 का दिन था. रात के साढ़े 8 बजे नागपुर के बेसा चौक इलाके में रहने वाली 32 साल की ज्योत्सना प्रकाश आकरे अपने घर से निकली. वो अपनी रूम मेट को किसी से मिलने जाने की बात कहकर गई थी, लेकिन फिर लौट कर नहीं आई. पहले रूम मेट ने उससे संपर्क साधने की कोशिश की और फिर घर वालों ने. लेकिन उसके मोबाइल फोन पर कॉल पिक नहीं हो रही थी. अगले दिन यानी 29 अगस्त को ज्योत्सना के भाई ने नागपुर के ही बेलतरोड़ी थाने में अपनी बहन की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करवाई.