ब्रिटेन में मीट, पेस्केटेरियन और वेजिटेरियन लोगों में कूल्हे के फ्रैक्चर के जोखिमों को लेकर एक रिसर्च की गई थी जिसमें चौंकाने वाले नतीजे सामने आए.