
भारत ने वर्ल्ड चैम्पियनशिप ऑफ लीजेंड्स के पहले सीजन का खिताब जीत लिया है. युवराज सिंह के नेतृत्व में इंडियन चैम्पियंस ने 13 जुलाई को एजबेस्टन, बर्मिंघम में खेले गए फाइनल मुकाबले में पाकिस्तान चैंपियंस को 5 विकेट से हराया. पाकिस्तान के कप्तान यूनुस खान ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया, उनकी टीम ने 20 ओवरों में 156/6 का अच्छा स्कोर बनाया.
जवाब में भारत ने 19.1 ओवर में लक्ष्य हासिल कर लिया और 5 विकेट से आसान जीत दर्ज की. अंबति रायडू ने सिर्फ 30 गेंदों पर 50 रनों की शानदार पारी खेली और भारत की जीत में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई. लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारत की शुरुआत शानदार रही. सलामी बल्लेबाज रॉबिन उथप्पा और रायडू ने पावरप्ले में पाकिस्तान के गेंदबाजों का डटकर सामना किया. रायडू ने पहले ही ओवर में आमिर यामीन की गेंदों पर चौका और छक्का लगाकर भारतीय पारी की धमाकेदार शुरुआत की.
दूसरे छोर से उथप्पा ने भी आक्रमण जारी रखा और अगले ओवर में यामीन को दो चौके लगाए. हालांकि, वह अपनी पारी को आगे ले जाने में नाकाम रहे और उसी ओवर में आउट हो गए. सुरेश रैना तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी करने उतरे और चौके के साथ अपना खाता खोला. लेकिन दूसरी ही गेंद पर सोहेल तनवीर को सीधा कैच थमा बैठे, जिससे भारत का स्कोर 38/2 हो गया. दो शुरुआती झटकों के बाद, रायडू ने एंकर की भूमिका निभाने का फैसला किया.
उन्होंने गुरकीरत सिंह मान के साथ 60 रनों की महत्वपूर्ण साझेदारी की. रायडू ने सिर्फ 29 गेंदों पर अपना अर्धशतक पूरा किया और भारत को 11 ओवर के बाद 98/2 पर मजबूत स्थिति में पहुंचाया. जब मैच भारत की पकड़ में दिख रहा था, तभी पाकिस्तान ने 10 गेंदों के अंदर अंबाती रायडू (30 गेंदों पर 50) और गुरकीरत सिंह मान (33 गेंदों पर 34) का विकेट चटकाकर जवाबी हमला किया. पाकिस्तान ने पारी के अंत में कुछ कैच छोड़े जिसके कारण यूसुफ पठान और युवराज सिंह को 42 रनों की महत्वपूर्ण साझेदारी में जीवनदान मिला.
केवल 16 गेंदों में 30 रन की पारी खेलने वाले यूसुफ पठान की पारी ने भारत को लड़ाई में बने रहने में मदद की, जब पाकिस्तान के गेंदबाज युवराज सिंह (22 रन पर 15*) पर दबाव बना रहे थे. वह गेंट को टाइम करने के लिए संघर्ष करते दिखे. मैच के आखिरी ओवर में पठान मिडविकेट पर छक्का मारने की कोशिश में आउट हो गए और शोएब मकसूद ने उनका कैच लपका. भारत को आखिरी 10 गेंदों पर 7 रन चाहिए थे, तभी यूसुफ पठान आउट हो गए. हालांकि, इरफान पठान ने अंतिम ओवर की पहली ही गेंद पर चौका लगाकर मैच को शानदार तरीके से समाप्त किया.
इससे पहले पाकिस्तान की शुरुआत खराब रही. अनुरीत सिंह ने दूसरे ओवर में सलामी बल्लेबाज शारजील खान (10 गेंदों में 12 रन) को आउट कर दिया, जब बोर्ड पर सिर्फ 14 रन टंगे थे. सोहैब मकसूद भी अच्छी शुरुआत को बड़ी पारी में बदलने में नाकाम रहे और 21 (12) रन बनाकर विनय कुमार के शिकार बने. कामरान अकमल 24 रन बनाकर बड़े स्कोर की ओर बढ़ रहे थे, लेकिन नौवें ओवर में पवन नेगी का शिकार बन गए, जिससे 8.2 ओवर के बाद पाकिस्तान का स्कोर 68/3 हो गया.
एक छोर से विकेट गिरते रहे और दूसरे छोर पर शोएब मलिक ने अपनी टीम के लिए एंकर की भूमिका निभाई. उन्होंने स्कोरबोर्ड को गतिमान रखा. हालांकि, मिस्बाह-उल-हक क्रैम्प के कारण रिटायर हर्ट हो गए. इस कारण अंतिम 5 ओवरों में पाकिस्तान तेज रन बनाने में विफल रहा. मिस्बाह के बिना पाकिस्तान संघर्ष करता रहा और 20 ओवर में 6 विकेट के नुकसान पर 156 रन ही बना सका. सोहेल तनवीर के कारण स्कोर थोड़ा आगे बढ़ा, जिन्होंने 9 गेंदों पर 19 रन बनाए.