
Gukesh Dommaraju-Paddy Upton: डोम्माराजू गुकेश (डी गुकेश) के चेस वर्ल्ड चैम्पियन बनने में साउथ अफ्रीका के पैडी अप्टन का कनेक्शन सामने आया है. यह वही अप्टन हैं, जो एक विख्यात मेंटल एंड कंडीशनिंग कोच हैं. इससे पहले भी वह 2011 में वर्ल्ड कप जीतने वाली भारतीय क्रिकेट टीम के साथ काम कर चुके हैं. वहीं साल 2024 में पेरिस ओलंपिक में ब्रॉन्ज मेडल जीतने वाली टीम के साथ थे.
पैडी ने बताया कि गुकेश ने कैसे इस वर्ल्ड चेस चैम्पियनशिप (World Chess Championship 2024) से पहले खुद को तैयार किया. वहीं एक वीडियो में खुद गुकेश ने बताया कि इस चैम्पियनशिप के लिए कैसे तैयार हुए, कैसे पैडी ने उनको मेंटली और फिजिकली तैयार किया. वह मेंटली ज्यादा मजबूत हो गए.
गुकेश ने बताया था कि वह पिछले कुछ महीनों से पैडी के साथ मिलकर काम कर रहे हैं. उन्होंने 3 दिसंबर को शेयर किए गए इस वीडियो में फाइनल में अपनी तैयारी को लेकर कहा पैडी के साथ काम करना काफी इंजॉयबेल था. 18 वर्षीय गुकेश मौजूदा वर्ल्ड चैंपियन डिंग लिरेन को हराकर इतिहास में सबसे कम उम्र के चेस चैम्पियन बन गए.
वहीं अप्टन ने इंडियन एक्सप्रेस से बात करते हुए डी गुकेश के बारे में कहा- पूरे टूर्नामेंट में जिस तरह से उन्होंने खुद को संभाला, उस पर गर्व होना चाहिए. 18 साल की उम्र में अपने पहले वर्ल्ड चैंपियनशिप में उन्होंने खुद को असाधारण परिपक्वता दिखाई. हमने कभी नहीं सोचा था कि वह हर चाल में परफेक्ट खेलेंगे या हर गेम में परफेक्ट खेलेंगे या 14 गेम्स तक परफेक्ट टूर्नामेंट खेलेंगे. ऐसा करना संभव नहीं है.
पैडी ने इस इंटरव्यू में यह भी कहा कि कि हमने इस चीज को लेकर भी तैयारी की जब उनका प्रतिद्वंद्वी अपनी चाल को लेकर प्लानिंग में व्यस्त होता है, तो वह खुद को और अपने मन को कैसे नियंत्रित करेंगे.
पैडी ने बताया कि हमने उनकी रणनीति के अन्य पहलुओं पर चर्चा की है कि जब वह गेम में आगे हों तो खुद को कैसे संभालेंगे, जब वह गेम में पीछे हों या गेम के दौरान प्रेशर में हों तो खुद को कैसे संभालें? वहीं वो अगर वह टूर्नामेंट में आगे हैं, जैसे कि एक गेम आगे हैं, अगर वह पीछे हैं, अगर उन्हें 6-6 की स्थिति मिली है तो वह खुद को कैसे संभालेंगे. यानी हर सिचुएशन के लिए हमने तैयारी की थी.
डी गुकेश ने रचा दिया इतिहास
वर्ल्ड चेस चैम्पियन 2024 का फाइनल मुकाबला गुरुवार (12 दिसंबर) को सिंगापुर में खेला गया. इस मुकाबले में भारत के डी गुकेश की टक्कर डिफेंडिंग चैम्पियन चीनी चेस मास्टर डिंग लिरेन से थी. काले मोहरों से खेलते हुए डी गुकेश ने 14वीं बाजी में डिंग लिरेन को करारी शिकस्त दी और खिताब पर कब्जा जमाया. गुकेश जब चैम्पियन बने तो वह भावुक हो गए और रोने लगे. उनका यह वीडियो बेहद चर्चा में है.
अपनी इस जीत के साथ ही 18 वर्षीय डी गुकेश शतरंज की दुनिया के सबसे कम उम्र के वर्ल्ड चैम्पियन बन गए हैं. साथ ही वो एक रिकॉर्ड के मामले में विश्वनाथन आनंद के चेस क्लब में भी शामिल हो गए. दरअसल, गुकेश वर्ल्ड चेस चैम्पियन बनने वाले भारत के दूसरे प्लेयर बन गए हैं. जबकि विश्वनाथन पहले भारतीय हैं. 5 बार के वर्ल्ड चैम्पियन विश्वनाथन आनंद ने अपना आखिरी खिताब 2013 में जीता था. . गुकेश से पहले रूस के दिग्गज गैरी कास्पारोव सबसे कम उम्र के वर्ल्ड चेस चैम्पियन थे, जिन्होंने 1985 में अनातोली कार्पोव को हराकर 22 साल की उम्र में खिताब पर कब्जाया जमाया था.
सबसे युवा वर्ल्ड शतरंज चैंपियन
डी गुकेश - 18 वर्ष 8 महीने 14 दिन - 12 दिसंबर, 2024
गैरी कास्परोव - 22 वर्ष 6 महीने 27 दिन - 9 नवंबर, 1985
मैग्नस कार्लसन - 22 वर्ष 11 महीने 24 दिन - 23 नवंबर, 2013
मिखाइल ताल - 23 वर्ष 5 महीने 28 दिन - 7 मई, 1960
अनातोली कार्पोव - 23 वर्ष 10 महीने 11 दिन - 3 अप्रैल, 1975
व्लादिमीर क्रैमनिक - 25 वर्ष 4 महीने 10 दिन - 4 नवंबर, 2000
इमानुएल लास्कर - 25 वर्ष 5 महीने 2 दिन - 26 मई, 1894