
आंध्र प्रदेश को विशेष राज्य का दर्जा देने की मांग को लेकर तेलुगू देशम पार्टी के राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन से अलग होने के बाद बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह ने शनिवार को टीडीपी प्रमुख और आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर इस फैसले को राजनीति से प्रेरित और एकतरफा करार दिया.
शाह ने कहा कि आंध्र प्रदेश के विकास को लेकर मोदी सरकार की प्रतिबद्धता दृढ़ है और इस पर कोई सवाल नहीं उठा सकता. राजग से अलग होने के नायडू के फैसले को दुर्भायपूर्ण करार देते हुए शाह ने पत्र में कहा कि यह फैसला पूरी तरह से राजनीति से प्रेरित है और इसमें प्रदेश के विकास को दरकिनार किया गया है.
शाह ने लिखा कि बीजेपी हमेशा से ही विकास और काम करने की राजनीति में भरोसा रखती है और यही हमारा प्रेरणा स्रोत है. शाह ने लिखा कि आंध्र प्रदेश के बंटवारे से लेकर आजतक बीजेपी ने हमेशा आंध्र प्रदेश के लोगों की आवाज को उठाया है और लोगों के हितों के लिए काम किया है. हम लगातार तेलगू लोगों और तेलगू राज्य के हित के बारे में सोचते हैं.
कांग्रेस ने प्रदेश के बंटवारे में लोगों के हितों का ख्याल नहीं रखा जिसकी वजह से लोगों को मुश्किल का सामना करना पड़ता है. कांग्रेस ने बंटवारे के दौरान लोगों की संवेदना का बिल्कुल भी ख्याल नहीं रखा.
शाह ने चंद्रबाबू नायडू को दिलाई 2014 की याद
चंद्रबाबू नायडू को 2014 के लोकसभा चुनाव की याद दिलाते हुए शाह ने लिखा कि जब राज्यसभा और लोकसभा में आपकी पार्टी के पास पर्याप्त संख्या नहीं थी तब भी बीजेपी ने इस बात को प्राथमिकता से सदन में उठाया और प्रदेश के लोगों को न्याय दिलाने की बात कही थी.
गौरतलब है कि आंध्र प्रदेश को अलग राज्य का दर्जा दिलाने की मांग को लेकर चंद्रबाबू नायडू ने एनडीए गठबंधन से अलग होने का फैसला किया है. शाह ने अपने पत्र में लिखा कि आंध्रप्रदेश का विकास हमारी सरकार के एजेंडे में सबसे ऊपर है और इसका उदाहण है कि हम प्रदेश में शैक्षणिक संस्थान, आधारभूत संरचना समेत अनेक विकास कार्यो में विशेष सहयोग दे रहे हैं.
बीजेपी अध्यक्ष ने खारिज किया नायडू का आरोप
आंध्र प्रदेश के विकास के प्रति बीजेपी के असंवेदनशील होने के नायडू के आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए शाह ने कहा कि ये आरोप गलत और आधारहीन हैं. यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि आंध्रप्रदेश के विकास के लिए हम दोनों दलों को जनादेश मिला था और वह दलगत राजनीति से प्रभावित हो रही है.
उन्होंने कहा कि पिछले चार वर्षों में देश के विभिन्न हिस्सों में हमें जिस तरह से जनता का समर्थन प्राप्त हुआ है. वह मोदी सरकार के सकारात्मक एजेंडे पर मुहर है. प्रधानमंत्री सहकारी संघवाद को आगे बढ़ाते हुए टीम इंडिया में विश्वास के साथ काम कर रहे हैं और आंध्र प्रदेश का इसमें विशेष स्थान है.