
केजरीवाल सरकार ने डीटीसी और क्लस्टर बसों में सीसीटीवी लगाने का फैसला किया है. दिल्ली में करीब 5500 डीटीसी और क्लस्टर बसें चल रही हैं. इस महीने के आखिरी तक 100 बसों में सीसीटीवी कैमरे लग जाएंगे. इसके अलावा बसों 10 पैनिक बटन और ऑटोमेटिक व्हीकल सिस्टम भी बस में काम करेगा.
गुरुवार को दिल्ली सरकार की कैबिनेट बैठक के बाद सीएम अरविंद केजरीवाल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की. उन्होंने कहा कि बसों की मॉनिटरिंग के लिए कमांड सेंटर बनाया जा रहा है. बसों की लोकेशन के लिए एक ऐप लॉन्च किया जाएगा. इसके जरिए पैसेंजर्स बस स्टॉप से बस की दूरी जान सकेंगे.
150 करोड़ रुपए किए जाएंगे खर्च
सीएम केजरीवाल ने कहा कि बसों में सुरक्षा के लिहाज से पहले से ही मार्शल तैनात हैं. अब सीसीटीवी और पैनिक बटन होने से सुरक्षा व्यवस्था और पुख्ता हो जाएगी. उन्होंने कहा कि इस महीने के आखिर तक 100 बसों में ऐसे सुविधा मिलने लगेगी. इसके लिए 150 करोड़ रुपए खर्च किए जा रहा है. इस दौरान उन्होंने यह भी कहा कि तीन बार से यह टेंडर कैंसिल हो जा रहा था. इसमें केंद्र की ओर से कोई मदद नहीं मिली है.
फ्लाइओवर पर खर्च होंगे 128 करोड़
सीएम ने कहा कि आश्रम फ्लाइओवर और डीएनडी के बीच काफी जाम रहता है. इस समस्या से निपटने के लिए आश्रम फ्लाइओवर को ऊपर से आगे बढ़ाने जा रहे हैं. पीडब्ल्यूडी की ओरे से प्रपोजल पास हो गया है. इस फ्लाइओवर पर 128 करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे और ये एक साल के अंदर बनकर तैयार हो जाएगा. इस फ्लाईओवर के बनने से लोगों को सराय काले खां होकर आईटीओ और डीएनडी तक जाने में जाम से नहीं जूझना पड़ेगा.
सभी एजेंसियों को मिलकर काम करने की जरूरत
उन्नाव रेप कांड पर मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि महिलाओं के साथ जो घटनाएं हो रही हैं वो बहुत ही दुख की बात है. आज उन्नाव में जो घटना हुई वो दुखद है. इस मामले में सभी एजेंसियों को मिलकर काम करने की जरूरत है. वहीं, निर्भया फंड पर दिल्ली के मुख्यमंत्री ने कहा कि इस फंड को लेकर हमें केंद्र सरकार की तरफ से किसी भी तरह का कोई फंड नहीं मिला है. हां, वन स्टॉप सेंटर बनाने के लिए 65 करोड़ मिले थे.