
देश में कोरोना वायरस के मामले लगातार बढ़ रहे हैं और इस महामारी से सबसे अधिक प्रभावित राज्य महाराष्ट्र है. इस बीच मुंबई में सरकार की ओर से चार बड़े प्राइवेट अस्पतालों को नोटिस जारी किया गया है. अस्पतालों पर आरोप है कि कोरोना वायरस संकट के बावजूद ये अपनी क्षमता के अनुसार काम नहीं कर रहे हैं और सिर्फ 20 से 40 फीसदी कामकाज चालू रख रहे हैं.
इन अस्पतालों को नोटिस तब थमाया गया है, जब राज्य के स्वास्थ्य मंत्री राजेश टोपे की अगुवाई में कई प्राइवेट अस्पतालों में अचानक चेकिंग की गई. इन चार अस्पतालों में हिंदुजा अस्पताल, लीलावती अस्पताल, बॉम्बे हॉस्पिटल और जसलोक अस्पताल शामिल हैं.
बता दें कि मुंबई के 53 बड़े प्राइवेट अस्पतालों को कोरोना संकट काल के बीच करीब 12 हजार बेड की व्यवस्था सिर्फ कोरोना मरीजों के लिए करनी थी. लेकिन, ये पाया गया है कि अस्पतालों ने सिर्फ 2400 बेड की व्यवस्था की है, जबकि 420 ICU बेड की व्यवस्था की गई है.
कोरोना पर फुल कवरेज के लिए यहां क्लिक करें
प्राइवेट अस्पतालों के कुछ डॉक्टरों ने इंडिया टुडे से बातचीत में कहा कि उनके अस्पताल में स्टाफ की काफी दिक्कत है. ऐसे में बेड की क्षमता बढ़ाकर क्या किया जाएगा, जब मरीज की देखभाल के लिए डॉक्टर और नर्स ही अस्पताल में नहीं होंगे.
जिन चार बड़े अस्पतालों को नोटिस सौंपा गया है, वहां स्थिति कुछ इस प्रकार है...
• हिंदुजा अस्पताल: कोरोना मरीज के लिए 40 बेड
• जसलोक अस्पताल: कोरोना मरीजों के लिए 30 बेड
• बॉम्बे अस्पताल: कोरोना मरीजों के लिए 42 बेड, ICU बेड भी शामिल
• लीलावती अस्पताल: कोरोना मरीजों के लिए 90 बेड
कोरोना कमांडोज़ का हौसला बढ़ाएं और उन्हें शुक्रिया कहें...
आपको बता दें कि महाराष्ट्र में कोरोना वायरस के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं. गुरुवार सुबह स्वास्थ्य मंत्रालय के द्वारा आंकड़ों के मुताबिक, महाराष्ट्र में अबतक कुल मरीजों की संख्या 75 हजार के करीब पहुंच गई है. राज्य में अबतक 2500 लोगों की मौत हुई है. सिर्फ मुंबई में ही 40 हजार से अधिक मामले सामने आए हैं और करीब 1500 लोगों की मौत हुई है.