
अगर आप पंजाब और हरियाणा में रहते हैं और अपनी गाड़ी पर आर्मी, प्रेस और हाईकोर्ट लगाकर चलते हैं तो सावधान हो जाएं. पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट ने शुक्रवार को इसे लेकर एक आदेश जारी किया है.
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आदेश के मुताबिक किसी भी आपातकालीन वाहन के अलावा सरकारी या गैर सरकारी वाहन पर किसी भी संस्था या पद का नाम नहीं लिखा जाएगा. किसी भी अन्य वाहन पर किसी भी प्रकार का निशान नहीं होगा. हाईकोर्ट ने अपने आदेश में किसी भी वाहन पर आर्मी, प्रेस, पुलिस, चेयरमैन, विधायक या फिर हाईकोर्ट के वाहनों पर भी हाईकोर्ट लिखने की मनाही की है.
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पार्किंग के लिए हो रही सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने ये आदेश जारी किया है. अब सिर्फ आपातकालीन वाहनों जैसे कि पुलिस, फायर और एंबुलेंस पर कोर्ट का ये आदेश लागू नहीं होगा. इसके साथ ही किसी भी अन्य वाहन पर किसी भी प्रकार का निशान नहीं होगा. वहीं हाईकोर्ट ने चंडीगढ़, पंजाब और हरियाणा राज्यों से 72 घंटों में इसे लागू करने का आदेश दिया है.
राजस्थान में जाति जैसे शब्दों के इस्तेमाल पर मनाही
वहीं पिछले साल ही राजस्थान में भी गाड़ियों पर लिखे नामों के लिए आदेश जारी किया गया था. राजस्थान पुलिस की ओर से जारी आदेश के तहत वाहनों पर जाति या पूर्व सरपंच जैसे शब्दों का इस्तेमाल करने की मनाही कर दी गई थी. इसके साथ ही नंबर प्लेट या दूसरी जगह पर भी इस तरह के शब्दों का इस्तेमाल करने से रोका गया था. सरकार का मानना है कि इससे जातिवाद पनपता है.