
फ्रांस के दक्षिणी छोर पर स्थित तुलुज़ को यूरोपीय एयरोस्पेस इंडस्ट्री का केंद्र माना जा सकता है. यहां एयरबस, स्पॉट सैटेलाइट सिस्टम और तुलुज़ स्पेस सेंटर (यूरोप का सबसे बड़ा स्पेस सेंटर) के हेडक्वार्टर हैं. एविएशन को लेकर उत्साह रखने वाले किसी भी स्टुडेंट के लिए तुलुज़ में पढऩा सपना सच हो जाने जैसा है.
तुलुज़ के इंस्टीट्यूट सुपीरियर द लज्एयरोनॉटिक एट द लज्स्पेस (आइएसएई) के 26 वर्षीय स्टुडेंट विनीत मेहरा कहते हैं, ''भारत में जो सुविधाएं उपलब्ध हैं, उनकी तुलुज़ में उपलब्ध सेवाओं से कोई तुलना ही नहीं की जा सकती. आधुनिकतम वर्चुअल स्पेस सेंटर से लेकर अत्याधुनिक फ्लाइट सिमुलेटर के लेक्ïचर यहां हमेशा उपलब्ध हैं. यह प्रैक्टिकल एक्सपोजर बड़ा मायने रखता है क्योंकि इससे न सिर्फ आप अपनी फील्ड से ज्यादा जुड़ते हैं, बल्कि आपको थ्योरी के इस्तेमाल की बेहतर समझ् भी मिलती है."
मेहरा की तरह ही काफी युवा भारतीय एयरोस्पेस के इस ग्लोबल हॉटस्पॉट में पढ़ाई का आनंद ले रहे हैं और साथ ही इस शहर के ऐतिहासिक आकर्षण से भी रू-ब-रू हो रहे हैं. तुलुज़ में ही गैलरी डु शैटो द'ओ है, जो फोटोग्राफी के सबसे पुराने केंद्रों में से एक है. यहीं एकेडमी डि ज्युक्स फ्लोरॉक्स भी मौजूद है, जो पश्चिमी जगत की सबसे प्राचीन लिटरेरी सोसाइटी है. यहां खाने-पीने की चीजें उचित दामों पर उपलब्ध हैं और कहीं आने-जाने के लिए बसें लगातार मिलती हैं. दह्निण फ्रांस में सुनहरी धूप से खिले मार्सेले, कान और नाइस के समुद्री तटों से नजदीकी भी यहां के जीवन की एक बड़ी खासियत है.
एयरबस का ट्रेनिंग सेंटर
एयरक्राफ्ट बनाने वाली विश्व की प्रमुख कंपनियों में से एक एयरबस का हेडक्वार्टर तुलुज़ में ही है. एयरबस तुलुज़ ट्रेनिंग सेंटर में स्टुडेंट्स के लिए मौकों की कोई कमी नहीं है. चाहे आप फ्लाइट क्रू के सदस्य हों, मेनटेनेंस स्टाफ में से हों, केबिन अटेंडेंट हों या परफॉर्मेंस और ऑपरेशनल स्टाफ हों, एयरबस के पास यूरोप में सर्वोत्तम प्रशिक्षण देने की सुविधाएं हैं. यहां किसी ट्रेनी को कई तरह के फ्लाइट सिमुलेटर, ट्रेनिंग डिवाइस और सिस्टम ट्रेनर चलाने का मौका मिलता है.
इंस्टीट्यूट सुपीरियर द ल'एयरोनॉटिक एट द ल'स्पेस
आइएसएई के नाम से लोकप्रिय इस इंस्टीट्यूट को एयरोस्पेस की हायर एजुकेशन और रिसर्च के लिए विश्व के सर्वोत्तम संस्थानों में गिना जाता है. यह इंस्टीट्यूट इंजीनियरिंग में ग्रेजुएट प्रोग्राम (सुपएयरो और एनसिका), मास्टर डिग्री, पोस्ट ग्रेजुएट स्पेशलाइज्ड मास्टर और पीएचडी डिग्री देता है. पीएचडी के लिए कई सब्जेक्ट्स हैं. आइएसएई के डायरेक्टर ओलिवियर फोरर बताते हैं, ''हमारा इस उद्योग से मजबूत संबंध है और स्टुडेंट्स को हमारे तमाम प्रशिक्षण कार्यक्रमों, इंटर्नशिप और साझेदारियों का फायदा मिलता है. जो भारतीय स्टुडेंट्स सीधे या किसी डुअल डिग्री प्रोग्राम के तहत यहां दाखिला लेते हैं, उन्हें अपनी रुचि की फील्ड में हमारे साथ गहराई से रिसर्च करने का मौका मिलता है. हमारे यहां एयरोस्पेस क्षेत्र के कुछ बेस्ट टीचर हैं और ट्रेनिंग के आधुनिकतम इक्विपमेंट, इन्फ्रास्ट्रक्चर और रिसर्च की सुविधाएं उपलब्ध हैं.ज् आइएसएई में पढऩे का एक फायदा यह है कि इसका अलम्नाई नेटवर्क 17,000 का है. कम ट्यूशन फी, फंडिंग के मौके, रहने की आरामदायक सुविधा और समर्पित एकेडमिक मेंटर की वजह से लोग यहां पढऩे के अनुभव को भुला नहीं सकते. फोरर बताते हैं, ''हमारे पास विमानों का बेड़ा है, जो पाइलट, क्रू डिग्री और इंजीनियरों की ट्रेनिंग में इस्तेमाल होता है.ज्ज् सिटी सेंटर से सिर्फ 15 मिनट की दूरी पर होने से आइएसएई के स्टुडेंट तुलुज़ की नाइट लाइफ और एकेडेमिया, दोनों का अनुभव और मजा लेते हैं.
ल'इकोल नेशनल द ल'एविएशन सिविल
ईएनएसी की स्थापना 1949 में पेरिस-ऑर्ली में हुई थी, जिसे 1968 में स्थानांतरित कर तुलुज़ में लाया गया. अभी इस यूनिवर्सिटी में 2,000 से ज्यादा स्टुडेंट्स ट्रेनिंग कोर्सों में दाखिला लेते हैं, जबकि 7,500 ट्रेनी हर साल एडवांस कोर्सेज और एजुकेशनल प्रोग्राम्स में हिस्सा लेते हैं. ईएनएसी के ग्रेजुएट प्रोग्राम्स मैनेजर मिशेल शॉविन का कहना है, ''हमारा लक्ष्य एयरोनॉटिक्स में कई तरह की ट्रेनिंग और गतिविधियों की सुविधाएं देना है, जिससे स्टुडेंट्स की भी जरूरतें पूरी हों और इस उद्योग की भी."
इस यूनिवर्सिटी के ट्रेनिंग सेंटर फ्रांस के नौ विभिन्न स्थानों पर हैं. यहां काफी किस्म के ट्रेनिंग मेकेनिज्म, सिमुलेटर और एयरक्राफ्ट उपलब्ध हैं. एविएशन के अलग-अलग क्षेत्रों के 950 से ज्यादा फैकल्टी सदस्य यहां ट्रेनिंग में अपना योगदान देते हैं. शॉविन का कहना है, ''हमारे एडवांस ट्रेनिंग इन्फ्रास्ट्रक्चर, खास तरह के कोर्स और रिसर्च की उम्दा सुविधाओं की वजह से ही बड़ी संख्या में इंटरनेशनल स्टुडेंट्स यहां आकर पढ़ाई करते हैं. हमारे स्टुडेंट समुदाय की बहुलता की वजह से हर लेक्चर में विश्व के विभिन्न मतों और विचारों को एक साथ लाने में मदद मिलती है. हमारा लक्ष्य है कि हमारे स्टुडेंट्स ग्लोबल सिटिजन बनें जो अपनी फील्ड में बेस्ट हों."