
Cowin Data Leak: सोमवार की शुरुआत एक ऐसी खबर के साथ हुई, जिसमें दावा किया कि Cowin पोर्टल पर दी गई डिटेल्स लीक हो गई है. इसमें टेलीग्राम के बोट द्वारा शेयर जानकारी का हवाला दिया. इसके बाद माइक्रोब्लॉगिंग साइट Twitter पर कुछ यूजर्स ने दावा किया है कि यह अब तक का सबसे बड़ा डेटा लीक है. हालांकि इसके बाद सरकारी सूत्र ने बताया कि कोविन पोर्ट्ल डेट ऑफ बर्थ और घर का पता कलेक्ट नहीं करता है.
टेलीग्राम के बोट द्वारा डिस्प्ले की गई जानकारी में नाम, पता, पर्सनल मोबाइल नंबर, आधार कार्ड नंबर और पासपोर्ट डिटेल्स आदि शामिल हैं. इस डिटेल्स को लेकर दावा किया है कि ये कोविन वैक्सीन लगवाने वाले लोगों की पर्सनल डिटेल्स है. हालांकि हम टेलीग्राम के बोट द्वारा शेयर जानकारी की पुष्टि नहीं करते हैं.
सरकारी सूत्रों ने इस मामले पर सफाई दी, जिसमें बताया है कि Covid-19 vaccination रजिस्ट्रेशन में Cowin पोर्टल, डेट ऑफ बर्थ और घर का पता आदि जैसी पर्सनल डिटेल्स कलेक्ट नहीं करता है.
Cowin पोर्टल सिर्फ यूजर्स की एक जानकारी स्टोर करता है कि उन्होंने फर्स्ट डोज, सेकेंड डोज या फिर प्रिकॉशन डोज लिया या नहीं. इसमें आगे बताया है कि केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय, इस लीक्स को लेकर एक डिटेल्ड रिपोर्ट तैयार कर रहा है. साथ ही इस जानकारी की जांच की जा रही है.
TMC नेता और राष्ट्रीय प्रवक्ता साकेत गोखले (@SaketGokhale) अकाउंट से सोमवार सुबह करीब 9 बजे एक ट्वीट किया है. इसमें उन्होंने दावा किया कि मोदी सरकार में हुआ बड़ा डेटा लीक हुआ. उन्होंने आगे लिखा कि भारत में कोविन वैक्सीनेशन लेने वाले भारतीयों का नाम, पता, मोबाइल नंबर और आधार कार्ड, पासपोर्ट नंबर, वोटर आईडी और फैमिली मेंबर्स आदि की डिटेल्स लीक हो गई है.
बताते चलें कि कोविड से बचाव के लिए कोविन वैक्सीनेशन लेने से पहले यूजर्स कोविन पोर्टल या फिर वैक्सीन सेंटर पर जाकर वैक्सीनेशन करा सकते थे. इस वैक्सीनेशन का एक सर्टिफिकेट भी जारी किया था, जिसे कोविन पोर्टल से डाउनलोड कर सकते हैं. इस पोर्टल पर लॉगइन करने के लिए मोबाइल नंबर की जरूरत होती है. एक मोबाइल नंबर से अधिकतम 4 लोग घर बैठे ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन करा सकते थे.