
5G का इंतजार जल्द ही खत्म होने वाला है. इसके लिए आपको कुछ देर इंतजार करना होगा. महज कुछ मिनटों में 4G से अपग्रेड होकर हम 5G सर्विस तक पहुंच जाएंगे. 1 अक्टूबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इंडियन मोबाइल कांग्रेस में 5G सर्विस को लॉन्च करेंगे. इसके साथ ही इंडियन मोबाइल कांग्रेस की भी शुरुआत हो रही है.
इस मौके पर पीएम नरेंद्र मोदी ने ट्वीट कर जानकारी दी है. उन्होंने लिखा, 'अब से कुछ ही देर में सुबह 10 बजे, इंडियन मोबाइल कांग्रेस में भारत में 5G सर्विसेस लॉन्च होंगी. हम टेक जगत, युवा दोस्तों और स्टार्टअप से जुड़े लोगों से हमारे स्पेशल प्रोग्राम में जुड़ने का आग्रह करता हूं.'
1 अक्टूबर से शुरू हो रहा यह इवेंट 4 अक्टूबर तक चलेगा. इसमें 5G के अलावा कई दूसरे इवेंट्स भी होंगे. हालांकि, इस बार IMC 2022 5G की वजह से बेहद खास बन जाएगा. 1 अक्टूबर की सुबह 10 बजे पीएम मोदी 5G सर्विसेस को लॉन्च कर सकते हैं. इसके साथ ही जियो और एयरटेल की भी 5जी सर्विस लॉन्च हो सकती है.
रिपोर्ट्स की मानें तो Indian Mobile Congress 2022 में मुकेश अंबानी, सुनिल मित्तल और कुमार मंगलम बिड़ला भी शामिल हो सकते हैं. जियो और एयरटेल भारत में 5G सर्विसेस लॉन्च करने वाली पहली कंपनियां होंगी. शुरुआत में चुनिंदा शहरों में ही 5G सर्विस मिलेगी, जिसका विस्तार अगले साल तक किया जाएगा.
इस साल हुई रियायंस की AGM में मुकेश अंबानी ने कहा था कि Jio 5G दिवाली तक दिल्ली और दूसरे मेट्रो शहरों में लॉन्च हो जाएगी. अगले साल दिसंबर तक सर्विस पूरे देश में रोलआउट होगी. कंपनी ने पैन इंडिया 5G नेटवर्क के लिए 2 लाख करोड़ रुपये का निवेश किया है. वहीं जियो ने 1000 शहरों में 5G के रोलआउट की प्लानिंग पूरी कर ली है.
Airtel के CEO गोपाल विट्ठल ने एक लेटर कंज्यूमर्स को लिखा था. इस लेटर में उन्होंने बताया था कि यूजर्स को नया सिम नहीं खरीदना होगा, बल्कि मौजूदा सिम कार्ड पर ही उन्हें 5G की सर्विस मिल जाएगी. उन्होंने बताया था कि अगले कुछ हफ्तों में 5G सर्विस शुरू हो जाएगी.
5G स्पेक्ट्रम नीलामी में चार कंपनियों ने हिस्सा लिया था. इसमें Jio, Airtel, Vi और अडानी डेटा नेटवर्क्स ने हिस्सा लिया था. जियो इसमें सबसे बड़ी बोली लगाकर सबसे ज्यादा स्पेक्ट्रम खरीदे हैं. वहीं दूसरे नंबर पर एयरटेल और फिर वोडाफोन आइडिया ने निवेश किया है. अडानी डेटा नेटवर्क्स फिलहाल इंटरप्राइसेस बिजनेस में ही काम करेगी.