साल 2020 में कई बार देश के लोगों ने भूकंप के छोटे-बड़े झटके महसूस किए. कई बार घर, फ्लैट और दफ्तरों से बाहर निकल कर सुरक्षित जगहों पर पहुंचे. क्या आपको पता है कि इस साल अब तक पिछले 7 महीनों में कितनी बार देश की धरती हिली है. कितनी बार भूकंप के झटकों से देश कांपा है. देश के विज्ञान, तकनीकी और पृथ्वी विज्ञान मंत्री डॉ. हर्षवर्धन ने हाल ही में राज्य सभा में इस सवाल का जवाब दिया. आइए जानते हैं कि देश कितनी बार थर्राया.
पिछले सात महीनों में यानी 1 मार्च 2020 से लेकर 8 सितंबर 2020 तक भारत में कुल मिलाकर 413 बार भूकंप आए हैं. भूकंप के ये आंकड़ें नेशनल सीसमोलॉजी नेटवर्क (NSN) की तरफ से पृथ्वी विज्ञान मंत्रालाय को दिए गए हैं. इन 413 भूकंप के झटकों में से 135 झटके ऐसे हैं जो आपको पता नहीं चले क्योंकि इनकी तीव्रता बेहद कम थी. वॉल्कैनो डिस्कवरी डॉट कॉम के मुताबिक पिछले पूरा साल यानी 2019 में 4.2 तीव्रता से ऊपर के 338 भूकंप आए थे. जबकि, इस साल सात महीनों में ही 75 भूकंप ज्यादा आए हैं.
135 झटके जो आपको महसूस नहीं हुए वो रिक्टर पैमाने पर 3 की तीव्रता से कम के थे. हालांकि, 153 भूकंप के झटके ऐसे थे जो छोटे थे. लोगों को महसूस तो हुए लेकिन इनसे कहीं कोई नुकसान नहीं हुआ. इन झटकों की तीव्रता रिक्टर पैमाने पर 3.0 से लेकर 3.9 तीव्रता तक थी. ऐसे भूकंप ज्यादातर अप्रैल और मई के महीने में आए हैं. दुनियाभर के भूगर्भशास्त्रियों और भूकंप के एक्सपर्ट्स का मानना है कि इस समय धरती की टेक्टोनिक प्लेटें खिसक रही हैं, जिसकी वजह से इतने भूकंप आ रहे हैं.
इसके अलावा देश में रिक्टर पैमाने पर 4.0 से लेकर 4.9 तीव्रता के 114 भूकंप आए. देश के बड़े इलाकों में महसूस किए गए. लोगों डरे भी. कुछ जगहों पर हल्का-फुल्का नुकसान भी देखने को मिला. लेकिन अच्छी बात ये रही कि किसी के मरने या घायल होने की खबर नहीं आई. इन 114 भूकंपों के झटकों से कई राज्यों में कंपन महसूस की गई. कई बार दो टेक्टोनिक प्लेटों की बीच में बनी गैस या प्रेशर जब रिलीज होता है तब भी हमें भूकंप के झटके महसूस होते हैं. ये हालात गर्मियों में ज्यादा देखने को मिलते हैं.
देश में मध्यम दर्जे के यानी रिक्टर पैमाने पर 5.0 से लेकर 5.9 तीव्रता के 11 झटके महसूस किए गए. इन 11 झटकों को देश के कई राज्यों ने महसूस किया. लोग घरों और दफ्तरों से बाहर निकल आए. कुछ जगहों पर लाइट चली गई. कुछ कमजोर इमारतों और ढांचों को मामूली नुकसान पहुंचा. हाल ही में एक रिपोर्ट आई थी कि भारतीय टेक्टोनिक प्लेट हिमालयन टेक्टोनिक प्लेट की तरफ खिसक रही है. इसकी वजह से हमें गर्मियों में ज्यादा झटके महसूस हुए.
ये जानकारियां डॉ. हर्षवर्धन ने राज्यसभा में NSN से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार दी थी. हालांकि भूकंपों पर नजर रखने वाली साइट वॉल्कैनो डिस्कवरी के मुताबिक पिछले 9 महीनों में भारत में कुल 239 भूकंप के झटके महसूस किए गए. इनमें 2.5 से लेकर 3 तीव्रता के 46 झटके थे. 3 से लेकर 3.5 तक के 28 झटके थे. आमतौर पर ये झटके महसूस नहीं होते.
3.5 से 4 तीव्रता के 57 झटके, 4 से 4.5 तक के 45 भूकंप, 4.5 से लेकर 5.0 तक के 51 झटके महसूस किए गए. 5.0 से लेकर 5.5 तीव्रता के कुल 9 भूकंप आए. 5.5 से लेकर 6.0 तीव्रता के 2 भूकंप आए. सबसे तगड़ा भूकंप का झटका अंडमान-निकोबार द्वीप पर 17 जुलाई को महसूस किया गया. रिक्टर पैमाने पर इसकी तीव्रता 6.1 थी.