
'जाको राखे साइयां, मार सके न कोय', कबीर का यह दोहा ब्राजील के एक मछुआरे पर एकदम फिट बैठता है. दरअसल, ये मछुआरा समुद्र में मछली पकड़ने गया था, लेकिन पानी में उसकी नाव डूब गई. अपनी जान बचाने के लिए उसने फ्रिज का सहारा लिया. मछुआरा फ्रिज के अंदर दुबक कर बैठ गया और हैरतअंगेज तरीके से समुद्र में 11 दिन तक जिंदा रहा.
जिस जगह समुद्र में मछुआरे की नाव डूबी, वहां से 450 KM दूर दूसरे देश के लोगों ने उसे बचाया. प्राथमिक इलाज के बाद उसे 16 दिन तक जेल में रखा गया. आइए जानते हैं क्यों...?
डेलीमेल के मुताबिक, मछुआरे का नाम रोमुआल्डो है. जुलाई के अंत में वह ब्राजील के ओइयापोक (Oiapoque) शहर से मछली पकड़ने के लिए समुद्र में गए थे. समुद्र में मछली पकड़ने के दौरान अचानक उनकी नाव डूबने लगी, इसके बाद उन्होंने फ्रिज के ऊपर चढ़कर अपनी जान बचाई. फ्रिज को वह नाव में ही रखकर ले गए थे.
11 दिन तक रोमुआल्डो फ्रिज के सहारे समुद्र में रहे, उनका पांच किलो वजन कम हो गया, क्योंकि उनको खाने-पीने के लिए कुछ भी नहीं मिला. 11 अगस्त को जब वह बीच समुद्र में पाए गए.
बचाने वाले लोगों ने रोमुआल्डो को पीने के लिए पानी और खाने के लिए खिचड़ी दी. हैरानी की बात यह रही कि मछुआरे की नाव ब्राजील की समुद्री सीमा में डूबी थी, वहीं मछुआरे की बरामदगी सूरीनाम (दूसरे देश) से हुई.
'फ्रिज मेरी भगवान बन गई'
रोमुआलडो ने बताया कि मुझे सबसे ज्यादा प्यास ने परेशान किया. नाव डूबने के बाद फ्रिज उनके लिए भगवान बन गई. इतने दिन समुद्र में रहने के बाद वो डिहाइड्रेशन से ग्रस्त हो गए. उनकी हेल्थ भी बिगड़ गई थी.
स्थानीय मीडिया से बात करते हुए रोमुआल्डो ने कहा- मुझे लगा कि शार्क मछली उन्हें खा जाएंगी. एक नाव सवार लोगों ने उनके पास आकर मदद की. मामले में एक पुलिस ऑफिसर ने बताया कि इतने दिन समुद्र में रहने के बाद मछुआरे के देखने की क्षमता पर असर पड़ा है. लेकिन स्वास्थ्य ठीक है.
16 दिन जेल की हवा भी खाई...
11 दिन भूखे पेट और बिना पानी के बिताने वाले मछुआरे रोमुआल्डो को एक और मुसीबत झेलनी पड़ी. दरअसल, जिस जगह वह मिले, वह सूरीनाम की सीमा थी. वो बिना दस्तावेज सूरीनाम की सीमा में घुसने का दोषी पाए गए. सूरीनाम में अवैध तौर पर प्रवेश करने की वजह से उन्हें जेल में 16 दिन रहना पड़ा. हाल ही में उनकी स्वदेश वापसी हुई.