
उत्तर प्रदेश के फर्रुखाबाद में 2 दलित लड़कियों की मौत के बाद जहां पोस्टमार्टम रिपोर्ट में इसे आत्महत्या बताया गया है वहीं पीड़ित परिवार ने इसमें गड़बड़ी का आरोप लगाया है. मृतक युवती के पिता ने सवाल उठाते हुए कहा है कि जिसका वजन ज्यादा है वो ऊपर कैसे है और जिसका वजन कम है वो नीचे कैसे है? उन्होंने प्रशासन से इस मामले में फिर से जांच करने की मांग की है.
खुदकुशी नहीं हत्या हुई है: पिता
फर्रुखाबाद में पेड़ पर दो सहेलियों की लटकती हुई लाश मिलने के बाद इनमें से एक मृतक युवती के पिता रामवीर ने कहा, 'ये हत्या है, ये तो निश्चित है जिसका साठ किलो वजन है वो ऊपर और 40 किलो वाली लड़की नीचे है, अगर वो चालीस किलो की है तो ऊपर-नीचे कैसे हो सकती है, मतलब जिसका वजन ज्यादा है वो ऊपर है जिसका कम है वो नीचे है.'
न्यूज एजेंसी ANI के मुताबिक उन्होंने कहा, 'दूसरी बात ये है कि जब हमने देखा था तो उसके पैर में चोट के निशान थे, कांटे भी लगे हुए थे, लेकिन हमें बाद में बताया गया कि शरीर पर चोट के कोई निशान नहीं हैं. शरीर पर बेल्ट के भी निशान थे.'
रामवीर ने कहा, 'जब हमने देखा था तो बॉडी पर मतलब उसके शरीर पर निशान से हो गए थे और इसी साहब ने जो रिपोर्ट शाम को दी उस पर शक हो रहा था की ये रिपोर्ट गलत है. हमारी मांग है कि जितनी भी जांच हो रही है साफ और स्पष्ट हो, कोई दोषी न बचे, बेशक दोषी मैं क्यों ना रहूं, और मेरी कोई विशेष मांग नहीं है. शासन के जरिए कायदे की जांच हो और प्रशासन हमारा सहयोग करे.
26 अगस्त को मंदिर जाने निकली थी दोनों सहेलियां
बता दें कि 26 अगस्त की रात को फर्रुखाबाद जिले के कायमगंज कोतवाली क्षेत्र में 15 और 18 साल की लड़कियां रात करीब 10 बजे जन्माष्टमी के मौके पर पास के एक मंदिर में जाने के लिए घरों से निकली थीं, लेकिन वापस नहीं लौटीं. दूसरे दिन उन दोनों के शव एक बाग में पेड़ पर लटकते हुए मिले थे.
इसको लेकर जिले के मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) अवनींद्र सिंह ने बताया था कि डॉक्टरों के एक पैनल ने पोस्टमार्टम किया था. लड़कियां फांसी लगाने के कारण मरी थीं. शवों पर कोई बाहरी चोट के निशान नहीं पाए गए हैं.
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में चोट नहीं होने का दावा
इस मामले में पुलिस ने भी कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के नतीजे उनकी शुरुआती जांच से मेल खाते हैं. एसपी आलोक प्रियदर्शी ने कहा लड़कियों ने आत्महत्या की है. शवों पर कोई बाहरी चोट के निशान नहीं पाए गए हैं. हालांकि अब एक मृतक लड़की के पिता रामवीर ने आरोप लगाया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट से सामने आए तथ्य झूठे हैं और यह रिपोर्ट फर्जी है.