
जैसे-जैसे गर्मी अपना प्रकोप बरपा रही है, वैसे ही ग्रेटर नोएडा वेस्ट में बिजली कटौती की समस्या बढ़ती जा रही है. इसके चलते यहां रहने वाले हजारों परिवार बड़ी समस्या से जूझ रहे हैं. वहीं नोएडा पावर कॉर्पोरेशन लिमिटेड (एनपीसीएल) कार्यालय में रातों-रात शिकायतों का अंबार लगने से बिजली आपूर्ति का बुनियादी ढांचा चरमरा रहा है.
अब ऊंची इमारतों के निवासियों का आरोप है कि किसी भी जन प्रतिनिधि ने इस स्थिति से निपटने की हिम्मत नहीं जुटाई. न्यू एरा फ्लैट ओनर्स वेलफेयर एसोसिएशन (नेफोवा) के अध्यक्ष अभिषेक कुमार ने कहा, “हाईराइज निवासी होने की अपनी कमी है, कोई भी जन प्रतिनिधि कभी भी मदद के लिए आगे नहीं आएगा. वे जानते हैं कि ऊंची इमारतों में रहने वाले लोग बड़े पैमाने पर उसी पार्टी को वोट देते हैं जिससे वे चुने गए हैं. कई निवासी अब बिजली आपूर्ति पाने के लिए सीएम कार्यालय को टैग कर रहे हैं ताकि उनके बच्चे ऐसे गर्म मौसम में शांति से सो सकें.”
बता दें कि पिछले चार दिनों से पंचशील हाइनिश, सुपरटेक इकोविलेज 1, महागुन मायवुड्स समेत अन्य सोसायटी के निवासी लगातार कटौती से परेशान होकर सड़क पर उतर आए हैं. डिस्कॉम के आश्वासन के बावजूद क्षेत्र में कटौती जारी है.
निवासी दीपांकर कुमार ने कहा, “हमारे विधायक या सांसद कहां है? वे केवल वोट मांगने ही क्यों आते हैं? जन प्रतिनिधियों की कोई जिम्मेदारी क्यों तय नहीं की गई. हमें ऐसे रहने के लिए छोड़ दिया गया है जैसे हम एक शहरी झुग्गी बस्ती में हैं, एयर कंडीशनिंग के बिना कंक्रीट के जंगल में सोना मुश्किल है.”
वहीं एनपीसीएल का कहना है कि इलाके में लाइन में खराबी के कारण ऐसी स्थिति पैदा हो रही है और वे इसे हल करने के लिए काम कर रहे हैं. प्रवक्ता ने कहा, "हमारी टीम मुद्दों को सुलझाने के लिए 24X7 काम कर रही है."
उधर, जनप्रतिनिधियों से कोई सहयोग न मिलने के बाद स्थानीय निवासी अब मुख्यमंत्री योगी से हस्तक्षेप करने की मांग कर रहे हैं. लोगों का कहना है कि सीएम को हस्तक्षेप करना चाहिए और इसका समाधान निकालना चाहिए. क्षेत्र के निवासी संजीव कुमार ने कहाकि हम वही हैं, जिन्हें भाजपा के पारंपरिक मतदाता के रूप में टैग किया गया है और यहां जमीनी हकीकत है, हमारी समस्याओं की सुध लेने वाला कोई नहीं है.