
कहते हैं कि मुसीबत में जो काम आए वहीं भगवान हैं. ऐसा ही मामला ग्रेटर नोएडा से सामने आया है. मंगलवार सुबह 7 बजे ग्रेटर नोएडा के परी चौक पर रौशनी नाम की एक प्रेग्नेंट महिला सड़क पर तड़प रही थी. महिला को डिलीवरी होने वाली थी. महिला का पति प्रशांत उसे अस्पताल लेकर जा रहा था, लेकिन रास्ते में ऑटो चेंज करने की वजह से महिला की हालत ख़राब हो गई और वो सड़क पर ही लेट गई.
इस दौरान महिला का पति मदद के लिए बार-बार लोगों से गुहार लगा रहा था, लेकिन कोई उसकी मदद के लिए आगे नहीं आ रहा था. तभी वहां से शारदा अस्पताल की 2 नर्स ज्योति और रेनू गुजर रही थी. दोनों नर्स को जैसे ही मामले के बारे में पता चला, तो वो उस महिला की तरफ भागी. महिला की हालत ऐसी नहीं थी कि उसे उठाकर अस्पताल लाया जाए.
ये भी पढ़ें- महिला ने Scam करने के लिए 17 बार किया गर्भवती होने का नाटक, ऐसे सामने आया सच
नर्स ने डिलिवरी सड़क पर करने का लिया फैसला
ऐसे में दोनों नर्स ने महिला की डिलिवरी वहीं सड़क पर करने का फैसला किया. महिला की प्राइवेसी को ध्यान में रखते हुए उसे चारों तरफ से कवर किया और दोनों नर्स ने वहीं सफलतापूर्वक महिला की डिलीवरी करवाई. नर्स रेनू बताया कि डिलीवरी के बाद आस पास कोई साफ कपड़ा नहीं था. इसलिए उन्होंने बच्चे को अपनी जैकेट में लपेटा और फिर दोनों को अस्पताल लेकर भागे.
महिला ने एक बेटी को दिया जन्म
अस्पताल पहुंचने से पहले ही उन्होंने अपने स्टाफ को इन्फॉर्म कर दिया. इससे जैसे ही वो लोग अस्पताल पहुंचे, तो महिला को तुरंत इलाज मिलना शुरू हो गया. महिला ने एक बेटी को जन्म दिया है. जच्चा और बच्चा दोनों पूरी तरह ठीक है.
बच्चे की मां और पिता ने कही ये बात
बच्चे की मां रौशनी और पिता प्रशांत ने बताया कि दोनों नर्स उनके लिए किसी भगवान से कम नहीं है. अगर वो वक़्त पर नहीं आते, तो न जाने क्या हो जाता. अस्पताल ने अपने इन दोनों नर्स को सम्मानित किया है. दोनों को 5100 रुपया का इनाम दिया गया है. बताया जा रहा है कि शारदा अस्पताल महिला का इलाज भी फ्री में किया है.