
नगर निकाय चुनाव को लेकर गठित पिछड़ा वर्ग आयोग की सिफारिशों को योगी सरकार ने मंजूरी दे दी है. मंत्रिपरिषद की बैठक के बाद सरकार ने ये निर्णय लिया है. प्रदेश के ऊर्जा एवं नगर विकास मंत्री एके शर्मा ने लोकभवन में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में इसकी जानकारी देते हुए कहा कि निकाय चुनाव को लेकर पांच दिसंबर को अधिसूचना जारी हुई थी. इसके बाद कुछ याचिकाएं उच्च न्यायालय में दाखिल की गईं. जिन पर न्यायालय ने आरक्षण की प्रक्रिया को समर्पित आयोग बनाकर जांचने के आदेश दिए थे.
सरकार ने पांच सदस्यीय आयोग का गठन किया था
उन्होंने बताया कि 27 दिसंबर को उच्च न्यायालय का आदेश आया था. इसके अगले ही दिन प्रदेश सरकार ने सेवानिवृत न्यायमूर्ति रामअवतार सिंह की अध्यक्षता में पांच सदस्यीय 'उत्तर प्रदेश राज्य स्थानीय निकाय समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग' का गठन किया था.
आधे से भी कम समय में रिपोर्ट मुख्यमंत्री को सौंप दी
कहा कि आयोग को अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करने के लिए छह माह का समय दिया गया था. आयोग ने आधे से भी कम समय में अपनी रिपोर्ट मुख्यमंत्री को सौंप दी है. इसको मंत्रिपरिषद की ओर से स्वीकार कर लिया गया है.
मामला अभी सुप्रीम कोर्ट में सबज्यूडिस है
मंत्री एके शर्मा ने बताया कि राज्य सरकार इस मामले में सुप्रीम कोर्ट भी गई थी. मामला अभी सुप्रीम कोर्ट में सबज्यूडिस है और इस पर अगली सुनवाई आगामी 11 अप्रैल को होनी है. ऐसे में आयोग की रिपोर्ट को सरकार की ओर से अगले दो दिन के अंदर सर्वोच्च न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा.
हम सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुसार आगे बढ़ेंगे
बताया कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुसार ही हम इसमें आगे बढ़ेंगे. प्रदेश सरकार निकाय चुनाव में ओबीसी को पूरा रिजर्वेशन देने के लिए पहले भी प्रतिबद्ध थी और आगे भी इसमें कोई दिक्कत होती नहीं दिख रही है.
गौरतलब है कि साल 2010 में सुप्रीम कोर्ट ने ट्रिपल टेस्ट के आधार पर निकाय सीटों के आरक्षण की व्यवस्था की थी. यूपी में इसके बाद साल 2012 और 2017 में पुरानी व्यवस्था के आधार पर निकाय चुनाव हुए थे. ट्रिपल टेस्ट की व्यवस्था लागू होने पर नगर विकास विभाग द्वारा जारी दोनों आरक्षण शून्य मान लिए जाएंगे. इससे पहले महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश में भी ट्रिपल टेस्ट के आधार पर निकाय चुनाव कराए जाने का निर्देश दिया.
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