WWE के दिग्गज रेसलर जेम्स 'कमाला' हैरिस का 70 साल की उम्र में निधन हो गया है. कमाला की ऑटोबायोग्राफी के सह-लेखक कैनी कैसनोवा ने अपनी फेसबुक पोस्ट में कोरोना वायरस को पूर्व रेसलर की मौत का कारण बताया है. उन्होंने बताया कि कोरोना से हालत बिगड़ने के बाद ही रेसलर की जान गई है.
कैसनोवा ने पोस्ट में लिखा, 'दुर्भाग्यवश, वो अफवाह सही थी. कोरोना के कारण
ही दिग्गज रेसलर की मौत हुई है. वह एक अच्छे इंसान थे. हैरिस रिंग में
सबसे भरोसेमंद रेसलर्स में से एक थे. उनकी भूमिका काफी अच्छी रही. वो उन
लोगों में से एक थे, जिनसे आप कभी भी मिल सकते थे.'
हालांकि हैरिस
की मौत कोरोना की वजह से ही हुई हुई, इसका कोई प्रत्यक्ष प्रमाण सामने
नहीं आया है. अभी केवल कैसनोवा ने ही फेसबुक पोस्ट में रेसलर की
कोरोना से तबियत बिगड़ने के बाद मौत होने का दावा किया है. WWE ने भी इस पर कोई आधिकारिक
टिप्पणी नहीं की है.
'द वॉशिंगटन पोस्ट' की एक रिपोर्ट के मुताबिक,
पूर्व रेसलर कई तरह की स्वास्थ्य समस्याओं का शिकार थे. डायबिटीज के कारण
कुछ साल पहले ही उनकी दोनों टांगों को काटकर शरीर से अलग किया गया था. वह
काफी समय से व्हील चेयर पर ही थे.
अपने प्रोफेशनल रेसलिंग करियर में जेम्स कमाला कई दिग्गज रेसलरों से भिड़े थे. रिंग में उन्होंने अंडरटेकर, हल्क
हॉगन और आंद्रे द जाएंट जैसे सूरमाओं का सामना किया था. 6 फुट 7 इंच का कद
और 380 पाउंड का ये भारी भरकम रेसलर हमेशा फैंस का दिल जीतने में कामयाब
रहा.
हैरिस के फैंस उन्हें 'दि यूगांडा जाएंट्स' और 'शुगर बियर
हैरिस' के नाम से भी बुलाते थे. हालांकि 'कमाला' के कैरेक्टर में आने के बाद
उन्हें ज्यादा कामयाबी मिली. जेम्स हैरिस उर्फ कमाला साल 2006 तक वर्ल्ड
क्लास चैम्पियनशिप रेस्लिंग में अपनी भागीदारी देते रहे थे.
कई बड़ी
रेसलिंग चैंपियनशिप में हिस्सा लेने के बाद कमाला साल 1984 में WWF (बदला
हुआ नाम) से जुड़े थे. 80 के दशक में ही रेसलर को सबसे ज्यादा शोहरत मिली.
हालांकि इसी वर्ष उन्होंने WWF से दूरी बना ली और 1986 में एक बार फिर इसी
रिंग में कमबैक किया.
WWE में उनका दबदबा 1992-93 तक रहा. अपने
रेस्लिंग करियर में कमाला ने 400 से ज्यादा मैच खेले थे. उनकी मौत के बाद सोशल मीडिया पर
फैंस उन्हें श्रद्धांजलि दे रहे हैं.