भारतीय बाजार में कुछ ही समय पहले उतरी वाहन कंपनी किआ मोटर्स (Kia Motors) को ग्राहक काफी पसंद करने लगे हैं. महज 2-3 साल के समय में ही यह कंपनी अपने समूह की फ्लैगशिप फर्म Hyundai Motor India को ही भारतीय बाजार में पीछे छोड़ने लगी है. खासकर एसयूवी (SUV) खरीदने वाले ग्राहकों के बीच किआ की कारें काफी पसंद की जा रही हैं.
सिआम के आंकड़ों से सामने आई ये बात
वाहन कंपनियों के संगठन सिआम (SIAM) के आंकड़ों पर गौर करें तो जनवरी महीने में किआ की सेल्टॉस (KIA Seltos) ने हुंडई की क्रेटा (Hyundai Creta) को बड़े फासले के साथ पीछे छोड़ दिया. आंकड़ों के अनुसार, जनवरी 2022 में किआ सेल्टॉस के 11,483 यूनिट की बिक्री हुई. वहीं दूसरी ओर हुंडई क्रेटा की बिक्री का आंकड़ा 9,869 रहा. इस तरह देखें तो किआ सेल्टॉस की बिक्री हुंडई क्रेटा की तुलना में 16.35 फीसदी ज्यादा रही.
पहले भी नंबर वन बन चुकी है सेल्टॉस
यह पहली बार नहीं है, जब किआ सेल्टॉस बिक्री के मामले में हुंडई क्रेटा से आगे निकली है. किआ मोटर्स भारतीय बाजार में 2019 में उतरी. सेल्टॉस उसके शुरुआती मॉडलों में से एक है. इस कार ने लॉन्च होने के कुछ ही समय बाद हुंडई क्रेटा को पीछे छोड़ दिया था और कॉम्पैक्ट एसयूवी (Compact SUV) सेगमेंट में नंबर वन बन गई थी. हालांकि यह बहुत समय तक नंबर वन पोजीशन पर कब्जा बनाए नहीं रख पाई थी और कुछ ही समय बाद हुंडई क्रेटा ने उसे बेदखल कर दिया था. आपको बता दें कि किआ मोटर्स और हुंडई मोटर इंडिया दोनों ही दक्षिण कोरिया की Hyundai Motor Group का हिस्सा है.
कश्मीर से जुड़े पोस्ट पर हुआ विवाद
ये दोनों वाहन कंपनियां हाल ही में विवादों का सामना कर चुकी है. इस महीने की शुरुआत में हुंडई के नाम से बने एक Twitter हैंडल से कश्मीर को लेकर विवादित पोस्ट किया गया था. पोस्ट पर भारतीय यूजर भड़क गए और 2-3 दिनों तक Twitter पर हुंडई और किआ के बॉयकॉट (Boycott Hyundai) की मांग ट्रेंड होती रही. इसके बाद हुंडई इंडिया और किआ मोटर्स दोनों को माफी मांगनी पड़ी. बात इतनी बढ़ गई कि इस मामले पर दक्षिण कोरिया के विदेश मंत्री को बात करने की जरूरत पड़ गई. इस विवाद के चलते फरवरी महीने में दोनों कंपनियों की बिक्री पर कुछ असर पड़ने की आशंका है. मार्च में जब इस महीने की बिक्री के आंकड़े सामने आएंगे, तभी इसका सटीक पता चल पाएगा.