नीतीश कुमार ने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया है. वह आज सुबह राजभवन पहुंचे और राज्यपाल राजेंद्र अरलेकर को अपना त्यागपत्र सौंपा. सूत्रों की मानें तो आज ही वह भाजपा के साथ गठबंधन में नई सरकार बनाएंगे और 9वीं बार बिहार के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे. नीतीश के इस्तीफा सौंपने से पहले सीएम आवास पर जेडीयू विधायक दल की बैठक हुई, जिसमें सभी विधायकों को एनडीए में वापसी के बारे में सूचित किया गया. इसी के साथ 17 महीने की महागठबंधन सरकार का अंत हो गया.
इस्तीफा देने के बाद नीतीश पत्रकारों से मुखातिब हुए. उन्होंने कहा, 'आज हमने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया और जो सरकार थी उसको भी समाप्त करने का प्रस्ताव हमने राज्यपाल को दे दिया. सभी लोगों की राय, अपनी पार्टी की राय, सब ओर से राय आ रही थी. हमने अपने लोगों की राय को सुन लिया और सरकार को समाप्त कर दिया है. पहले गठबंधन को छोड़कर नया गठबंधन बनाए थे, इधर आकर स्थिति ठीक नहीं लगी, इसीलिए हम लोगों ने आज इस्तीफा दे दिया, अलग हो गए. हम लोग इतनी मेहनत करते थे और सारा क्रेडिट दूसरे लोग ले रहे थे. अब नए गठबंधन में जा रहे हैं. पहले जो पार्टियां एक थीं (जदयू और बीजेपी), आज फैसला करेंगी तो आगे बताएंगे'.
राजभवन में नई सरकार के शपथ ग्रहण समारोह की तैयारियां चल रही हैं. आज शाम को ही जदयू-बीजेपी की नई सरकार का शपथ ग्रहण है. सूत्रों के मुताबिक सीएम आवास में जदयू विधायकों की बैठक के दौरान नीतीश कुमार ने एक बड़े बीजेपी नेता से फोन पर बात की. उसके बाद उन्होंने राजभवन पहुंचकर राज्यपाल को इस्तीफा सौंपा. उनकी किस बीजेपी नेता से बात हुई यह स्पष्ट नहीं हो सका. इधर, बीजेपी ने अपने बिहार प्रभारी विनोद तावड की मौजूदगी में पटना दफ्तर में विधायक दल की बैठक बुलाई और समर्थन पत्र पर सभी विधायकों ने हस्ताक्षर किए.
बिहार में आरजेडी 79 विधायकों के साथ सबसे बड़ी पार्टी है. बीजेपी के 78, जेडीयू के 45 और हम के 4 विधायक हैं. इन तीनों दलों के विधायकों की कुल संख्या 127 है. बिहार विधानसभा में बहुमत का आंकड़ा 122 है. वहीं महागठबंधन में शामिल वाम दलों के 16 और कांग्रेस पार्टी के 19 विधायक हैं. एआईएमआईएम का 1 और एक निर्दलीय विधायक है. बिहार विधानसभा में महागठबंधन का संयुक्त आंकड़ा 114 बैठता है. यानी बहुमत से 8 कम. बता दें कि 2020 में जेडीयू और भाजपा ने गठबंधन में बिहार विधानसभा का चुनाव लड़ा था. नीतीश कुमार मुख्यमंत्री बने थे. बीजेपी के खाते से दो डिप्टी सीएम बनाए गए थे. स्पीकर भी बीजेपी का बना था. इसके बाद 2022 अगस्त में नीतीश कुमार एनडीए और बीजेपी से अलग हो गए थे और राजद के साथ महागठबंधन में शामिल होकर सरकार बनाई. वह मुख्यमंत्री बने और तेजस्वी यादव उप मुख्यमंत्री.