फर्जी वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल किए जाने के मामले में करीब 9 महीने बाद जेल से बाहर आए बिहार के चर्चित यूट्यूबर मनीष कश्यप मौजूदा बिहार सरकार पर हमलावर हैं. उन्होंने अब एक इंटरव्यू के दौरान सवालों का जवाब देते हुए कहा, 'सभ्य तरीके से नहीं समझोगे तो तुम्हें तुम्हारे तरीके से समझाएंगे, जिस तरह पीएम मोदी समझाते हैं, उसी भाषा में अब बिहार के नेताओं को समझाऊंगा.'
उन्होंने कहा, बिहार में कुछ लोग ऐसे हैं जो राज्य को दीमक की तरह चाट रहे हैं, मैं उन भ्रष्टाचारियों की तुलना पाकिस्तान से कर रहा हूं, उन्हें सुधारने के लिए वो जिस भाषा में समझेंगे मैं उसी भाषा में उन्हें समझाऊंगा.
मनीष कश्यप ने लगाया फंसाए जाने का आरोप
मनीष कश्यप ने फर्जी वीडियो के मामले में फंसाए जाने का आरोप भी लगाया. दरअसल तमिलनाडु में बिहार के मजदूरों के साथ भेदभाव का फर्जी वीडियो शेयर किए जाने के मामले में मनीष कश्यप ने कहा कि तमाम मीडिया चैनलों और नेता ने उस खबर को शेयर किया था जिसके बाद उन्होंने वो वीडियो अपने सोशल मीडिया पर डाला था.
मनीष कश्यप ने कहा कि किसी के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई लेकिन उन्हें इसमें फंसा दिया गया. जब उनसे पूछा गया कि आपकी विचारधारा किस पार्टी से मिलती है तो उन्होंने इसके जवाब में कहा कि उनकी विचारधारा किसी पार्टी से नहीं बल्कि राष्ट्रवाद और सनातन धर्म से मिलती है.
मनीष कश्यप ने बिहार सरकार से पूछा ये सवाल
मनीष कश्यप ने कहा कि मैंने एक वीडियो शेयर किया तो मेरा खाता सीज किया गया, मुझे जेल में डाला गया, मेरे कंपनी के स्टाफ के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है लेकिन जो लोग संसद भवन के अंदर घुस गए उनके घर तक को बिहार में सीज नहीं किया गया है. वहीं मदुरई जेल में रखे जाने के सवाल पर मनीष कश्यप ने कहा कि मैं काला पानी की सजा काट कर आया हूं जिसे कभी नहीं भूल सकता हूं.