पूरे देश की निगाहें मोदी सरकार के पहले रेल बजट पर टिकी हुई थीं. रेलमंत्री सुरेश प्रभु ने लोकसभा में रेल बजट पेश किया, जिस पर टीका-टिप्पणियों का दौर चल रहा है. सदन में रेलमंत्री ने जो बड़ी घोषणाएं कीं, उसे आगे पेश किया गया है...प्रभु की इन 15 बातों से होगा फील गुड
9 रूटों पर बढ़ेगी ट्रेन की रफ्तार
बजट में किसी नई ट्रेन का ऐलान नहीं किया गया है. कुल 9 रूटों पर 160 से 200 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से गाड़ियां चलाने की योजना है. इसके लिए हाई स्पीड ट्रेनें चलाई जाएंगी. जिन रेलवे ट्रैक पर स्पीड बढ़ाने का लक्ष्य रखा गया है, उनमें मुंबई-अहमदाबाद भी शामिल है. इन 6 बातों ने बढ़ाई रेल मंत्री की टेंशन...
400 रेलवे स्टेशनों पर फ्री Wi-Fi सुविधा
रेलमंत्री ने ऐलान किया कि 400 रेलवे स्टेशनों पर फ्री Wi-Fi की सुविधा मुहैया कराई जाएगी. इससे यात्रियों को रेलवे परिसर में इंटरनेट से जुड़ने में मदद मिलेगी.
रेलवे बोर्ड में पारदर्शिता
रेलमंत्री ने कहा कि रेलवे बोर्ड में ज्यादा पारदर्शिता लाई जाएगी, ताकि रेलवे में नियुक्तियां साफ-सुथरे तरीके से हों. इससे भर्तियों में मेरिट को बढ़ावा मिलेगा. उन्होंने कहा कि आज के माहौल में लोगों को भ्रष्टाचार से जूझना पड़ रहा है.
रेल किराए में बढ़ोतरी नहीं
रेलमंत्री सुरेश प्रभु ने बजट भाषण में कहा कि रेल किराए में किसी तरह की बढ़ोतरी नहीं की जाएगी. उन्होंने स्मार्टफोन के जरिए अनरिजर्व टिकटों की बुकिंग की सुविधा का भी ऐलान किया. यह सर्विस पश्चिमी, दक्षिणी व मध्य रेलवे से शुरू होगी. रेलवे की सुविधाओं के लिए भी 139 नंबर पर कॉल की जा सकेगी. ट्रेनों के महिला डिब्बे में CCTV लगाए जाएंगे. 4 चुनिंदा यूनिवर्सिटी में रेल शोध को लेकर पाठ्यक्रम शुरू होंगे.
अब 120 दिन पहले टिकट रिजर्वेशन
अब रेलवे टिकटों की बुकिंग 120 दिन पहले कराई जा सकेगी. पहले यह अवधि 60 दिन थी. अवधि कम किए जाने से ऑनलाइन टिकट बुक कराने में लोगों को दिक्कतें हो रही थीं.
गर्भवती महिलाओं को खास सुविधा
रिजर्व डिब्बों में ऊपर की बर्थ पर चढ़ने के लिए सुविधाजनक सीढ़ियां लगाई जाएंगी. इसके लिए तकनीकी मदद ली जा रही है. वृद्ध और कमजोर लोगों के लिए स्टेशनों पर लिफ्ट आदि की सुविधाओं में बढ़ोतरी की जाएगी. गर्भवती महिलाओं को लोअर बर्थ की सुविधा मिलेगी.
रेलवे क्रॉसिंग पर अलार्म सिस्टम
यात्रियों की सुविधा के लिए स्टेशनों पर वाटर वेंडिंग मशीनें लगाई जाएंगी. जहां तक सुरक्षा की बात है, फाटक रहित रेलवे क्रॉसिंग पर अलार्म की व्यवस्था की जाएगी, जिससे ट्रेन आने पर लोग सतर्क रह सकें. रेलवे क्रॉसिंग पर सेफ्टी पर 6,581 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे.
भारतीय रेल को वर्ल्ड क्लास बनाएंगे: प्रभु
रेलमंत्री सुरेश प्रभु ने बजट पेश करते हुए कहा कि उन्होंने यात्रियों की जरूरतों और रेल संपर्क के बीच संतुलन बिठाने की कोशिश की है, ताकि यह गुणवत्ता, सुरक्षा और पहुंच के लिहाज से वर्ल्ड क्लास का बन सके. रेल मंत्री ने कहा, 'पिछले कुछ दशकों में रेल सुविधाओं में संतोषजनक सुधार नहीं हुआ है, जिसकी वजह उचित निवेश न होना है, जिसने क्षमता को प्रभावित किया है, मनोबल कम हुआ है.'
हर देशवासी को मिले योजनाओं का फायदा
रेलमंत्री सुरेश प्रभु ने बजट भाषण की शुरुआत करते हुए कहा कि सरकार का लक्ष्य हर देशवासी तक सरकार की योजनाओं का लाभ पहुंचाना है. उन्होंने कहा कि रेलवे में अपेक्षित निवेश के अभाव की वजह से इसकी हालत अच्छी नहीं है. रेलमंत्री ने कहा कि रेलवे में निवेश से अर्थव्यवस्था में सुधार होगा. उन्होंने भरोसा दिलाया कि इस क्षेत्र में निवेश से गरीबों को रोजगार मिलेगा.
रेलवे ने तय किए 4 बड़े लक्ष्य
रेलवे ने 4 लक्ष्य निर्धारित किए हैं, जिनमें यात्रियों की सुरक्षा सबसे अहम है. रेलमंत्री सुरेश प्रभु ने अगले 5 वर्षों में भारतीय रेल में सुधार के लिए चार लक्ष्य रखे. रेलमंत्री ने लोकसभा में अपना पहला रेल बजट पेश करते हुए कहा कि ये 4 लक्ष्य हैं- ग्राहक सेवा अनुभव में सुधार, सुरक्षित रेल यात्रा सुनिश्चित करना, बुनियादी ढांचे का आधुनिकीकरण और भारतीय रेल को वित्तीय रूप से आत्मनिर्भर बनाना. आधुनिकीकरण के लिए निजी क्षेत्र का भी सहयोग लिया जाएगा. रेलवे ट्रैक में 1 लाख, 38 हजार किलोमीटर तक बढ़ोतरी की जाएगी.
रेल बजट की कुछ अहम बातें एक नजर में...
रेलमंत्री सुरेश प्रभु ने गुरुवार को लोकसभा में 2015-16 का रेल बजट पेश किया, जिसकी कुछ मुख्य बातें इस प्रकार हैं:
- सभी नवनिर्मित कोच ब्रेल युक्त.
- व्हीलचेयर के लिए ऑनलाइन बुकिंग चालू होगी.
- सांसदों से अपने फंड के कुछ हिस्से का उपयोग रेल सुविधा बढ़ाने में करने का अनुरोध
- रेलगाड़ियों के 17,000 से अधिक शौचालय बदले गए, अन्य 17,000 बदले जाएंगे.
- वाई-फाई सुविधा का विस्तार बी-श्रेणी स्टेशनों तक भी
- रेलवे स्टेशनों का विकास करने के लिए निजी क्षेत्र से बोली आमंत्रित की जाएगी.
- 88.5 फीसदी संचालन अनुपात का लक्ष्य.
- रक्षा यात्रा प्रणाली का विकास किया गया.
- SMS अलर्ट शुरू होगा.
- कागज रहित टिकट प्रणाली का विकास होगा.
- स्टेशन सफाई के लिए नया विभाग.
- कचड़े से बिजली पैदा करने वाले संयंत्र का होगा विकास.
- स्टेशनों के शौचालयों में सुधार की जरूरत, 650 अतिरिक्त शौचालय बनाए जाएंगे.
- आगामी पांच साल में 8.5 लाख करोड़ रुपये का निवेश.
- सुविधा सुधार पर 20,000 से अधिक सुझाव मिले.
- चार लक्ष्य: ग्राहक सुविधा में लगातार सुधार, रेल को यात्रा का सुरक्षित माध्यम बनाना, व्यापक विस्तार, भारतीय रेल को आत्म-निर्भर बनाना.
- रेल राष्ट्रीय संपर्क की रीढ़.
- दूर-दराज क्षेत्रों में संपर्क बढ़ाने (लास्ट माइल कनेक्टिविटी) के लिए निजी क्षेत्रों से भागीदारी.
- रेल आधुनिक भारत का एकीकरण करने वाला.
- पिछले कई दशकों से इसकी सुविधाओं में सुधार नहीं.
- निवेश अभाव का दुष्चक्र समाप्त होना चाहिए.
- नेटवर्क में 1,219 सेक्शन- अधिकतर पर कार्य का काफी दबाव.
- आगामी पांच साल में क्षमता विस्तार की मंशा.{mospagebreak}
2 साल में पटरियों पर 'सेट सिस्टम'
रेल बजट पेश करते हुए सुरेश प्रभु ने मुसाफिरों को सुखद यात्रा का एहसास कराने इरादा जताते हुए कहा, 'मैंने यात्री किराए में वृद्धि नहीं की है. हम विभिन्न उपाय करके भारतीय रेल की यात्रा को एक सुखद अनुभव बनाने की दिशा में प्रयास कर रहे हैं.' उन्होंने बुलेट जैसी बिना इंजन वाली ट्रेन 'सेट' नाम की आधुनिक गाड़ी प्रणाली चलाने का भी प्रस्ताव किया, जिससे यात्रा समय में लगभग 20 प्रतिशत की कमी आ सकेगी. उन्होंने उम्मीद जताई कि अगले दो साल के भीतर 'सेट सिस्टम' की ट्रेनों का पहला सेट पटरियों पर दौड़ने लगेगा.
11 क्षेत्रों में खास सुधार
रेलमंत्री ने जिन 11 क्षेत्रों में सुधार के लिए खास ध्यान देने की घोषणा की है, उनमें साफ सफाई, बिस्तर, हेल्पलाइन, टिकट, खानपान, टेक्नोलॉजी का अधिक से अधिक इस्तेमाल, निगरानी, मनोरंजन, गाड़ी क्षमता में वृद्धि, आरामदायक यात्रा शामिल हैं. बजट में स्टेशनों को अपग्रेड करना, नेटवर्क विस्तार, सुरक्षा व संरक्षा, मैनेजमेंट सिस्टम में सुधार, रेलवे की वित्तीय हालत को मजबूत बनाने के लिए सार्वजनिक निजी भागीदारी (PPP), वैश्विक व निजी संगठनों के साथ सहयोग की पहल की घोषणा की गई है.
कुछ ट्रेनों में बढ़ेगी डिब्बों की तादाद
बजट में मानव सांसाधन विकास, ऊर्जा संरक्षण पर भी ध्यान दिया गया है. ट्रेनों में कन्फर्म सीटों की बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए रेलमंत्री ने कहा कि सवारी डिब्बों की संख्या में वृद्धि करके अधिक बर्थ उपलब्ध कराई जाएगी. कुछ ट्रेनों की क्षमता बढ़ाने के उद्देश्य से उनमें मौजूद 24 सवारी डिब्बों के स्थान पर 26 डिब्बे जोड़े जाएंगे. इसके अलावा आम जनता के लिए कुछ खास ट्रेनों में अनारक्षित डिब्बों की संख्या भी बढ़ाई जाएगी.
इससे पहले, रेलमंत्री सुरेश प्रभु ने रेलवे को लेकर सदन में श्वेत पत्र पेश किया. इसमें भारतीय रेल से जुड़ी अहम प्रमाणिक जानकारियां दर्ज हैं.
पब्लिक यह जानने को बेकरार थी कि आने वाले दिनों में उसके लिए ट्रेन का सफर सुहाना हो सकेगा या सब कुछ 'प्रभु भरोसे' ही चलता रहेगा. वैसे मुसाफिरों को भरोसा है कि प्रभु का बजट उनके लिए राहत भरा ही है. रेल बजट: यात्री किराया और माल भाड़ा घटने की उम्मीद कम
कार्यवाही शुरू होते ही लोकसभा में हंगामा
बजट पेश होने से पहले लोकसभा की कार्यवाही शुरू होते ही शोर-शराबा शुरू हो गया. विपक्ष ने मांग की कि संसदीय कार्यमंत्री वेंकैंया नायडू अपने पहले के बयान के लिए मांफी मांगें. इसके बाद वेंकैया नायडू ने कहा, 'हम विपक्ष का सम्मान करते हैं. मेरे मन में सबके प्रति सम्मान है. मैं सदन को सच बताता हूं.' नायडू के खेद जताने के बाद भी सदन में हंगामा होता रहा, जिसके बाद कार्यवाही दो बार स्थगित की गई. बाद में सदन की कार्यवाही तय वक्त पर शुरू हो सकी.
प्रोफाइल: कौन हैं सुरेश प्रभु...
बजट पेश करने के लिए घर से निकलते वक्त रेलमंत्री सुरेश प्रभु के चेहरे पर मुस्कान दिख रही थी. उन्होंने पीली शर्ट पहन रखी है. जब मीडिया ने उनसे पूछा कि क्या इस पीली कमीज के कुछ मायने हैं, तो उन्होंने कहा, 'उम्मीद कीजिए, बजट अच्छा होगा.'
रेल की कठिनाइयां बहुत हैं: सुरेश प्रभु
बजट पेश करने से पहले रेलमंत्री सुरेश प्रभु ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रेल की जरिए देश के विकास की बात सोचते हैं. उन्होंने कहा, 'इस वक्त रेल की कठिनाइयां बहुत हैं. हम रेल इन कठिनाइयों को दूर करेंगे.' भारतीय रेल के बारे में 10 अहम बातें...
रेल बजट से पहले रेल राज्यमंत्री मनोज सिन्हा ने आजतक से कहा कि आम आदमी की सुविधा व सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है. उन्होंने कहा कि यात्री सुविधाओं पर जोर दिया जाएगा और रेल नेटवर्क का विस्तार किया जाएगा. रेल राज्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि बजट के बाद आम आदमी के चेहरे पर मुस्कान होगी.{mospagebreak}
रेलवे के अच्छे दिन आएंगे: नकवी
केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा कि रेल बजट आम जनता को राहत देने वाला होगा. उन्होंने भरोसा जताया कि रेलवे के अच्छे दिन आएंगे.
मोदी सरकार का यह उनका पहला रेल बजट है, लेकिन लोग यही भरोसा लगाए बैठे रहे कि उनके लिए बजट राहत की सौगात लेकर आएगा. लेकिन प्रभु के लिए यह आसान नहीं होगा.
सुबह-सुबह हर किसी नजर बस इसी पर टिकी रही कि रेल मंत्री सुरेश प्रभु के पिटारे में क्या है. दोपहर ठीक 12 बजे रेलमंत्री ने लोकसभा में रेल बजट पेश किया और तभी खुलासा होता गया कि अबकी बार रेल बजट मुसाफिरों के लिए राहत लेकर आया या आफत.
लोगों ने प्रचंड बहुमत से केंद्र में सरकार चुनी, जिसकी वजह से मुसाफिरों को आर्थिक कष्ट देने का कोई फैसला भी जनता के भरोसे को खोखला करने का काम कर सकता था. हालांकि रेल राज्यमंत्री ने संकेत दे दिया कि रेल किराए में कमी नहीं होगी, लेकिन अच्छी बात यह रही कि सुरेश प्रभु ने यात्री सुविधाओं और महिला सुरक्षा के लिए कई कुछ ठोस नीतियों का ऐलान किया. साथ ही इस रेल बजट में ज्यादा लोकलुभावन वादों से भी रेलमंत्री ने परहेज किया, क्योंकि अभी भी पिछले बजट की कई घोषणाएं धूल फांक रही हैं.
{mospagebreak}भारतीय रेल में हर रोज लाखों की तादाद में सफर करने वाली जनता तो हमेशा से यही चाहती है कि ट्रेन में साफ-सफाई हो, बैठने-सोने के लिए जगह मिल जाए और समय से उनकी रेल उन्हें मंजिल तक पहुंचा दे. फिलहाल तो प्रभु भरोसे रेल है और रेल भरोसे मुसाफिर...