भारत के दिग्गज कारोबारी गौतम अडानी (Gautam Adani) अभी न सिर्फ देश के बल्कि पूरे एशिया के सबसे अमीर व्यक्ति (Asia's Richest Person) बन चुके हैं. ब्लूमबर्ग के रियल टाइम बिलियनेयर्स इंडेक्स (Bloomberg Billionaires Index) के अनुसार, गुरुवार शाम छह बजे तक वह 118 बिलियन डॉलर की नेटवर्थ के साथ दुनिया के अमीरों की सूची में छठे पायदान पर काबिज थे. दूसरी ओर अडानी समूह की सबसे बड़ी कंपनी बन चुकी अडानी ग्रीन का एमकैप (Adani Green MCap) और बढ़ चुका है. अब यह कंपनी बजाज फाइनेंस (Bajaj Finance) और एचडीएफसी (HDFC) को पीछे छोड़कर बीएसई (BSE) की आठवीं सबसे बड़ी कंपनी बन चुकी है. इस बीच ऐसी खबरें आ रही हैं कि अडानी समूह (Adani Group) दुनिया की सबसे बड़ी सीमेंट कंपनी Holcim Group का भारतीय कारोबार खरीदने की तैयारी में है.
इन सीमेंट ब्रांडों में Holcim Group की हिस्सेदारी
Holcim Group पिछले 17 साल से भारत में कारोबार कर रही है. भारत में कंपनी तीन प्रमुख ब्रांड अंबुजा सीमेंट (Ambuja Cement), एसीसी लिमिटेड (ACC Ltd) और माइसेम (Mycem) हैं. इनमें से दो अंबुजा सीमेंट और एसीसी लिमिटेड तो शेयर बाजार में लिस्टेड हैं. Ambuja Cement में Holcim के पास Holderind Investments Limited के जरिए 63.1 फीसदी हिस्सेदारी है. इसी तरह एसीसी लिमिटेड में Ambuja Cement की 50.05 फीसदी हिस्सेदारी है. एसीसी में Holderind Investment (Holcim) की प्रत्यक्ष तौर पर भी 4.48 फीसदी हिस्सेदारी है.
भारतीय कारोबार बेचने के लिए अडानी से चल रही बात
Holcim Group अपने कोर मार्केट पर फोकस करने के लिए भारतीय कारोबार बेचना चाह रही है. इसके लिए कंपनी ने अडानी समूह से भी बातचीत की है. अडानी समूह ने हाल ही में सीमेंट सेगमेंट में एंट्री ली है और आक्रामक तरीके से अपनी बाजार हिस्सेदारी बढ़ा रही है. अल्ट्राटेक सीमेंट के बाद अभी भारतीय बाजार में Holcim दूसरी सबसे बड़ी कंपनी है. अंबुजा सीमेंट और एसीसी लिमिटेड की संयुक्त क्षमता 66 मिलियन टन सालाना है. अगर अडानी समूह इन दोनों सीमेंट कंपनियों को खरीदता है, तो वह एक झटके में भारत जैसे महत्वपूर्ण बाजार में नंबर दो की हैसियत में आ जाएगा.
ये कंपनियां भी खरीदने की रेस में
Holcim Group अपना भारतीय कारोबार बेचने के लिए अडानी समूह के अलावा जेएसडब्ल्यू (JSW) से भी बातचीत कर रही है. इसके अलावा श्री सीमेंट जैसी स्थानीय कंपनियों से भी संभावित बिक्री को लेकर संपर्क साधा गया है. वैसी ग्लोबल सीमेंट कंपनियों का मन भी टटोला जा रहा है, जो भारतीय सीमेंट बाजार में दिलचस्पी दिखाती आई हैं.
इतना हो गया अडानी ग्रीन का मार्केट कैप
दूसरी ओर अडानी ग्रीन एनर्जी का एमकैप बढ़कर 4.48 लाख करोड़ रुपये पर पहुंच चुका है. इसके साथ ही अडानी ग्रीन अब बीएसई की आठवीं सबसे वैल्यूड कंपनी बन चुकी है. अडानी ग्रीन ने इसी सप्ताह सोमवार को टॉप10 वैल्यूड कंपनियों की लिस्ट में एंट्री ली. बीते तीन दिनों के कारोबार में इसके शेयरों में और तेजी आई. इसके दम पर अडानी ग्रीन ने एमकैप के मामले में अब बजाज फाइनेंस और एचडीएफसी को भी पीछे छोड़ दिया है. अडानी ग्रीन की रैली के दम पर बीते 24 घंटे में गौतम बडानी की दौलत भी 805 मिलियन डॉलर बढ़ी है.