भारतीय अर्थव्यवस्था (Indian Economy) दुनिया में सबसे तेजी से आगे बढ़ती हुई इकोनॉमी बना हुआ है और इसकी ये तेज रफ्तार आगे भी जारी रहेगी. वर्ल्ड बैंक (World Bank) से लेकर आईएमएफ (IMF) तक ने ये माना है और अब ग्लोबल रेटिंग एजेंसी मूडीज (Moody's) ने भी इस पर अपनी मुहर लगा दी है. मूडीज रेटिंग्स ने मंगलवार को चालू वित्त वर्ष में भारतीय अर्थव्यवस्था के 6.6 फीसदी की दर से बढ़ने का अनुमान जताया है.
6.6% की रफ्तार से आगे बढ़ेगी अर्थव्यवस्था
Moody's रेटिंग एजेंसी ने कहा कि तेज आर्थिक वृद्धि के साथ मजबूत लोन डिमांड से एनबीएफसी क्षेत्र (NBFC Sector) की लाभप्रदता को समर्थन मिलेगा और इस सेक्टर में जबरदस्त ग्रोथ देखने को मिलेगी. एजेंसी ने अपनी ताजा रिपोर्ट में कहा कि हमें उम्मीद है कि 31 मार्च 2025 को समाप्त होने वाले वित्त वर्ष में भारत की अर्थव्यवस्था 6.6 फीसदी की दर से और इसके अगले वित्त वर्ष में 6.2 फीसदी की रफ्तार से आगे बढ़ेगी.
NBFC को लेकर रेटिंग एजेंसी ने ये कहा
मूडीज के मुताबिक, बीते फाइनेंशियल ईयर 2023-24 में इंडियन इकोनॉमी की रफ्तार 8 फीसदी रहने का अनुमान है. एनबीएफसी के बारे में जिक्र करते हुए रिपोर्ट में कहा गया है कि भारत में गैर-बैंक वित्त कंपनियों के लिए फंडिंग लागत बढ़ रही है और मजबूत आर्थिक स्थिति NBFC को संपत्ति की गुणवत्ता बनाए रखने में मदद करेगी. हालांकि, ब्याज दरों में वृद्धि से इनके ग्राहकों पर कर्ज का बोझ बढ़ सकता है. इससे एनबीएफसी में मजबूत ऋण वृद्धि होगी, जिससे उनके मुनाफे पर पड़ने वाले लागत का दबाव कम होगा और सेक्टर को मजबूती मिलेगी.
भारत की ग्रोथ में होगी अहम भूमिका
रिपोर्ट में कहा गया कि भारत की विशाल अर्थव्यवस्था में लोगों और व्यवसायों के बीच Loan जरूरतों को पूरा करने में एनबीएफसी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती रहेंगी. सबसे बड़ी 20 एनबीएफसी के पास मजबूत बाजार स्थिति और Home Loan या Auto Loan या अन्य विशिष्ट प्रकार के लोन देने का लंबा इतिहास है. एजेंसी के मुताबिक, इसके अलावा, इनमें से ज्यादातर का स्वामित्व सरकार या बड़े कॉर्पोरेट ग्रुप्स के पास है, जो तनाव के समय में उनकी फंडिंग को स्थिरता प्रदान करेगा.
RBI समेत ग्लोबल एजेंसियों का ये अनुमान
यहां बता दें कि मूडीज रेटिंग्स द्वारा FY25 के लिए जाहिर किया गया जीडीपी वृद्धि (GDP Growth) अनुमान आरबीआई और अन्य एजेंसियों द्वारा लगाए गए अनुमानों से कम है, लेकिन डेलॉइट के पूर्वानुमान के बराबर है. गौरतलब है कि RBI ने चालू वित्त वर्ष में भारतीय अर्थव्यवस्था के 7 फीसदी की दर से बढ़ने का अनुमान लगाया है. इसके अलावा एशियाई विकास बैंक (ADB) और फिच रेटिंग्स (Fitch Ratings) ने भी 7 फीसदी की ग्रोथ रेट का अनुमान लगाया है, वहीं एसएंडपी ग्लोबल रेटिंग्स और मॉर्गन स्टेनली का पूर्वानुमान 6.8 फीसदी है. डेलॉइट की बात करें तो इसने कहा है कि इकोनॉमी 6.6 फीसदी की दर से बढ़ेगी.