सप्ताह के आखिरी कारोबारी दिन शुक्रवार को वोडाफोन-आइडिया के शेयरों के निवेशकों के लिए बेहद राहत भरा साबित हुआ. हालांकि, लंबी गिरावट के बाद बीते एक हफ्ते से इसमें तेजी का सिलसिला जारी है, लेकिन शुक्रवार को शेयर बाजार में कारोबार की शुरुआत होने के कुछ ही समय बाद ये 7 फीसदी तक उछल गया. अब सवाल आखिर इस शेयर में अचानक ये जोरदार तेजी क्यों आई? तो इसके पीछे एक बड़ा कारण कुमार मंगलम बिड़ला की Voda-Idea बोर्ड में वापसी को भी माना जा रहा है.
करीब दो साल बाद फिर बोर्ड में शामिल
गुरुवार को वोडा-आइडिया को लेकर एक बड़ी खबर सामने आई थी. Voda-Idea बोर्ड में कुमार मंगलम बिड़ला (K M Birla) की वापसी हुई है. वे कर्ज में डूबी टेलीकॉम दिग्गज के अध्यक्ष थे और करीब 20 महीने पहले अगस्त 2021 में अपने पद से इस्तीफा दे दिया था. अब वे फिर से बोर्ड में शामिल हो गए हैं, उनकी नॉन-एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर के रूप में नियुक्ति 20 अप्रैल 2023 से प्रभावी है. केएम बिड़ला की वापसी के बाद कहा जा रहा है कि बोर्ड में कुछ बड़े फैसले लिए जा सकते हैं. इस खबर के बाद शुक्रवार को टेलीकॉम कंपनी के शेयरों में रॉकेट सी रफ्तार नजर आ रही है.
शुरुआती कारोबार में यहां पहुंचा स्टॉक
शेयर बाजार (Share Market) की शुरुआत हरे निशान पर हुई थी और सेंसेक्स (Sensex) 100 अंक उछलकर ओपन हुआ था, जबकि निफ्टी (Nifty) 17,650 के पार खुला था. इस बीच वोडाफोन का शेयर (Vodafone Stock) शुरुआत के साथ ही उछाल भरने लगा और सुबह 9.50 बजे तक उछाल के साथ 6.60 रुपये के स्तर पर पहुंच गया. हालांकि, इसके बाद स्टॉक की कीमत में कुछ गिरावट आई और खबर लिखे जाने तक सुबह 11 बजे ये 6.61 फीसदी की तेजी लेते हुए 6.45 रुपये के लेवल पर कारोबार कर रहा था.
बीते पांच दिनों में इस शेयर की चाल पर नजर डालें तो इसके भाव में 5.80 फीसदी की तेजी देखने को मिली है. बीते 17 अप्रैल को कारोबार के अंत में इसकी कीमत 6.05 रुपये थी, जबकि 18 अप्रैल को ये उछलकर 6.10 रुपये पर पहुंच गई. इसके अगले दिन 19, 20 अप्रैल को भी स्टॉक में तेजी जारी रही. आज 21 अप्रैल को ये 6.60 रुपये के लेवल पर पहुंच गया था. इससे पहले वोडाफोन-आइडिया का शेयर इस साल करीब 35 फीसदी तक टूट गया था. इसका 52 वीक का हाई लेवल 10.20 रुपये है, जबकि लो-लेवल 5.70 रुपये है.
वोडा के शेयर को लेकर एक्सपर्ट की राय
सरकार की ओर से टेलीकॉम कंपनी को जो राहत दी गई है, उसके तहत केंद्र सरकार ने वोडाफोन-आइडिया के 16,133 करोड़ रुपये से अधिक के ब्याज बकाये को इक्विटी में बदलने की मंजूरी दी है. हालांकि, कंपनी ने मार्च तिमाही के लिए अपनी लाइसेंस फीस बकाया का सिर्फ 10 फीसदी ही भुगतान किया था.
वहीं, बाकी के 90 फीसदी भुगतान के लिए कंपनी ने सरकार से 31 जुलाई तक का समय मांगा है. अब कुमार मंगलम बिड़ला को बोर्ड में वापसी के बाद कुछ बड़े बदलाव की संभावनाएं बन रही हैं. हालांकि, स्टॉक में तेजी के बावजूद एक्सपर्ट इस शेयर में निवेश से पहले सोच-समझकर फैसला लेने की सलाह दे रहे हैं. उनका कहना है कि कंपनी के फंडामेंटल में कोई खास बदलाव नहीं दिख रहा है.
36 देशों में बिड़ला ग्रुप का कारोबार
हाल ही में कुमार मंगलम बिड़ला (Kumar Mangalam Birla) को व्यापार और उद्योग क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा पद्म भूषण (Padma Bhushan) से सम्मानित किया गया है. वे Aditya Birla Group के अध्यक्ष हैं और समूह का कारोबार छह महाद्वीपों के 36 देशों में फैला है.