चीन की सरकारी सिचुआन एयरलाइंस ने आखिरकार भारत में अपनी कार्गो फ्लाइट सेवाएं शुरू कर दी हैं. इस तरह अब चीन से भी बड़े पैमाने पर दवाओं, मेडिकल इक्विपमेंट और ऑक्सीजन कॉन्सेंट्रेटर की खेप भारत आएगी.
कोरोना की दूसरी लहर से जूझ रहे भारत के लिए यह राहत की बात है. भारत में कोरोना की भयावहता को देखते हुए अब हर कोई मदद को तैयार दिख रहा है.
दवा कंपनियों के लिए कच्चा माल
खबर के अनुसार 9 मई को ही सिचुआन एयरलाइंस की एक कार्गो फ्लाइट बेंगलुरु आई थी. 12 मई यानी बुधवार को चेंगदू से चेन्नै तक कार्गो फ्लाइट आ रही है. चेंगदू से बड़े पैमाने पर भारतीय दवा कंपनियों के लिए कच्चा माल आता है.
गौरतलब है कि इसके पहले चीन की सिचुआन एयरलाइंस ने भारत आने वाली सभी कार्गो फ्लाइट पर 15 दिन के लिए रोक लगा दी थी. इन कार्गो फ्लाइट के द्वारा भारत की कई निजी कंपनियां चीन से ऑक्सीजन काॅन्सेंट्रेटर और कई अन्य जरूरी मेडिकल डिवाइस मंगाने वाली थीं. कंपनी ने बाद में इस निर्णय की समीक्षा करने को कहा था.
चीनी एयरलाइंस का चौंकाने वाला निर्णय
देश में बड़े पैमाने पर ऑक्सीजन की कमी को देखते हुए व्यापारियों ने ऑक्सीजन काॅन्सेंट्रेटर चीन से आयात करने का निर्णय लिया था. चीनी एयरलाइंस का यह निर्णय चौंकाने वाला था, क्योंकि चीन सरकार ने भारत में कोविड-19 के बढ़ते मामलों की वजह से खुद सहयोग और समर्थन का वादा किया था.
अपने सेल्स एजेट को भेजे लेटर में सिचुआन चुआनहांग लाॅजिस्टिक कंपनी ने कहा था कि एयरलाइंस ने शियान से दिल्ली सहित कुल छह रूट से कार्गो उड़ानों पर 15 दिन के लिए रोक लगा दी है.
कंपनी ने कहा था, ‘भारत में महामारी की हालत में अचानक आए बदलाव को देखते हुए यह तय किया गया है कि अगले 15 दिन तक उड़ानें लंबित रखा जाए. हमें इस बात के लिए काफी खेद है. भारतीय रूट हमारे लिए काफी रणनीतिक रूट है और इससे हमारी कंपनी को काफी नुकसान होगा.‘ कंपनी ने कहा कि 15 दिन के बाद फिर से हालात की समीक्षा की जाएगी.