
Zerodha के को-फाउंडर और CEO निखिल कामथ ने एक इवेंट में शतरंज के ग्रैंड मास्टर विश्वनाथन आनंद को हराकर सबको हैरान कर दिया. लेकिन जब उन्होंने खुद यह स्वीकार किया कि उन्होंने 'चीटिंग' से यह जीत हासिल की है, तो सोशल मीडिया पर लोग उनको जमकर ट्रोल करने लगे.
कामथ की जीत से लोग हैरान रह गए थे, क्योंकि शतरंज की दुनिया में उनका नाम भी कोई नहीं जानता था और उन्होंने ग्रैंडमास्टर आनंद को हरा दिया था. यह एक चैरिटी इवेंट था, जिसके द्वारा देश में कोविड राहत के लिए फंड जुटाया जा रहा था.
लेकिन इसके बाद खुद कामथ ने एक बयान जारी कर कहा, 'यह सोचना बेवकूफी है कि मैंने वास्तव में चेस के खेल में विशी सर को हरा दिया है. यह तो ऐसे ही है जैसे एक सुबह मैं जगूं और 100 मीटर के दौड़ में उसैन बोल्ट को हरा दूं.'
निखिल कामथ ने यह स्वीकार किया कि उन्होंने इस मुकाबले में 'गेम का विश्लेषण करने वाले कुछ लोगों, कंप्यूटर की मदद ली और खुद आनंद सर की उदारता की वजह से यह खेल उनके लिए एक अनुभव की तरह था.'
इसके जवाब में विश्वनाथन आनंद ने लिखा, 'यह धन जुटाने की खातिर लोगों के लिए एक सेलेब्रिटी सिमुल था. यह एक मजेदार अनुभव और गेम के एथिक्स को आगे बढ़ाने वाला था. मैंने बोर्ड में अपना पोजीशन निभाया और हर किसी से यही उम्मीद थी.'
इस खबर से विश्वनाथन आनंद के फैन और अन्य बहुत से लोग काफी नाराज दिखे और सोशल मीडिया पर निखिल कामथ को जमकर ट्रोल किया जाने लगा. लोग खासकर इसलिए भी ज्यादा नाराज दिख रहे हैं, क्योंकि यह एक चैरिटी इवेंट था, जिसके द्वारा देश में कोविड राहत के लिए फंड जुटाया जा रहा था.
पर्सिस्टेंट क्रिए नाम के एक अकाउंट होल्डर ने ट्वीट किया, 'जेरोधा के फाउंडर निखिल कामथ को विश्वनाथन आनंद से चीटिंग के लिए Chess.com से बैन कर दिया गया है. कुछ दिन पहल 100 करोड़-100 करोड़ कर रहे थे, 1 पैसे की भी इज्जत नहीं बची.'
शाश्वत श्रीवास्तव नाम के एक ट्विटर यूजर लिखते हैं, 'यह काफी शर्मनाक है कि भारत के युवा बिलिनेयर निखिल कामथ इतने नीचे तक गिर गए और चेस जैसे सम्मानित गेम का असम्मान किया. यही नहीं उन्होंने हमारे देश के लीजेंड और गौरव विशी आनंद सर का भी असम्मान किया.'
इस सफाई का बावजूद इस इवेंट का आयोजन करने वाली Chess.com ने फेयर प्ले पॉलिसी का उल्लंघन करने के आरोप में कामथ के अकाउंट को बैन कर दिया है और उनका अकाउंट बंद कर दिया गया है.
मैच के दौरान निखिल कामथ की एक्यूरेसी रेट 98.9% रही, जबकि विश्वनाथन आनंद की एक्यूरेसी 92.7% रही. आनंद सफेद रंग से और कामथ ब्लैक रंग से खेल रहे थे.