कोरोना महामारी ने हर सेक्टर को प्रभावित किया है, जिसमें एक रियल एस्टेट भी है. वैसे तो रियल एस्टेट सेक्टर पिछले करीब दो वर्षों से दबाव में है. लेकिन इन सबके बीच ग्राहकों से लिए बेहतर मौका है, पहले से संकट में रियल एस्टेट को कोरोना ने और बैकफुट पर धकेल दिया है. (Photo: File)
अगर आप पिछले दो सालों से अपने घर की तलाश में है, तो आपके लिए फिलहाल बेहतर मौका है. कोरोना की वजह से आप अभी घर खरीद कर अच्छी-खासी बचत कर सकते हैं. हालांकि कुछ जानकारों का कहना है कि अभी प्रॉपर्टी की कीमतों में और गिरावट आ सकती है. (Photo: File)
विशेषज्ञों का कहना है कि पहली बार होम लोन की ब्याज दरें 7 फीसदी से नीचे हैं. इतना ही नहीं, प्रॉपर्टी की कीमतें भी पांच सालों में सबसे कम स्तर पर हैं. खरीदार सरकार की टैक्स बेनिफिट स्कीम का फायदा भी ले सकते हैं. (Photo: File)
एनारॉक प्रॉपर्टी कंसल्टेंट्स के चेयरमैन अनुज पुरी ने कहना है कि वैसे ग्राहकों के लिए यह कोरोना संकट के बीच बेहतर मौका है, जिन्हें किसी तरह की आर्थिक दिक्कत नहीं है, और वो निवेश या फिर रहने के लिए घर खरीदने की सोच रहे हैं तो फिर अभी खरीद सकते हैं. (Photo: File)
एनरॉक के मुताबिक फिलहाल देश के 7 बड़े शहरों में करीब 15.92 लाख अंडर कंस्ट्रक्शन घर हैं, जो जल्द तैयार हो जाएंगे. बिल्डर का फोकस रेडी घरों को बेचने पर है. पिछले दिनों एसबीआई के प्रमुख ने भी कहा था कि बिल्डर तैयार घरों को पहले बेचें फिर नए प्रोजेक्ट पर फोकस करें. (Photo: File)
अनुज पुरी ने कहा कि ग्राहक अंडर कंस्ट्रक्शन के मुकाबले रेडी घर को खरीदना पसंद कर रहे हैं. उन्होंने बताया कि लोग इस कोरोना संकट में रिस्क लेना नहीं चाहते हैं. इसके अलावा रेडी टू मूव घर अंडर कंस्ट्रक्शन के मुकाबले फिलहाल फायदे का सौदा भी है. क्योंकि बिल्डर पूंजी जुटाने के लिए तैयार घरों को छूट के साथ बेचने को तैयार हैं. इसके अलावा अंडर कंस्ट्रक्शन बिल्डिंग कब बनकर तैयार होगी, इसका अंदाजा लगाना मुश्किल है. क्योंकि बड़े शहरों में मजदूरों की भारी किल्लत है. (Photo: File)
दरअसल ग्राहकों को अभी घर खरीदने पर मौटे तौर पर तीन फायदे हो सकते हैं. होम लोन पर ब्याज दर कम है और बहुत से बिल्डर बड़े डिस्काउंट ऑफर कर रहे हैं. (Photo: File)
1. घर की कीमतों में गिरावट: आम लोगों के लिए घर खरीदने का यह सही समय कई कारणों से है, अभी देखा जाए तो मकानों की कीमतें बीते पांच वर्ष में सबसे कम हैं. अगर तेजी से डिमांड बढ़ती है तो फिर घर महंगे हो सकते हैं. (Photo: File)
2. ब्याज दर कम: बैंकों की ब्याज दर भी काफी नीचे चल रही है, जिससे ग्राहकों को EMI कम पड़ेगी. एसबीआई 30 लाख रुपये तक का होम लोम 7.35 से 7.75 फीसदी ब्याज दर पर ऑफर कर रहा है. जबकि HDFC बैंक सालाना 7.35 से 9.05 ब्याज पर होम लोन दे रहा है. (Photo: File)
3.क्रेडिट लिंक सब्सिडी स्कीम का फायदा: प्रधानमंत्री आवास योजना (PMAY) के तहत मार्च 2021 तक घर खरीदने पर ब्याज में सरकार की तरह से 2.67 लाख रुपये तक सब्सिडी दी जाती है. यह स्कीम 31 मार्च 2020 को खत्म हो गई थी, लेकिन कोरोना संकट की वजह से इस स्कीम को बढ़ाकर 31 मार्च 2021 कर दिया है. घर खरीदारों के लिए एक बेहतर मौका है. इस योजना को क्रेडिट लिंक सब्सिडी स्कीम नाम दिया गया है. (Photo: File)
3. प्रॉपर्टी में निवेश: फिलहाल प्रॉपर्टी का भाव बहुत गिरा हुआ है. जिसमें निवेश एक विकल्प हो सकता है. उम्मीद की जा रही है कि कोरोना संकट के बाद प्रॉपर्टी में रौनक लौट सकती है. क्योंकि सरकार का फोकस इस साल रियल एस्टेट सेक्टर पर हो सकता है. पिछले करीब 4 सालों से प्रॉपर्टी की कीमत में उछाल देखने को नहीं मिली है. इसलिए यह साल प्रॉपर्टी निवेशकों के लिए अहम रहने वाला है. हालांकि घर खरीदने से पहले हर बारीकियों को जांच-परख लें, और एक्सपर्ट की मदद से अंतिम फैसला लें. (Photo: File)