देश में रैडी फूड के नाम पर हो रहे नूडल कारोबार में नेस्ले की ब्रांड मैगी सबसे बड़े खिलाड़ी है. नेस्ले ने 1980 के दशक सबसे पहले नूडल की शुरुआत करते हुए मैगी ब्रांड को भारत में उतारा था. इसके बाद से लगातार तीन दशकों तक इस कारोबार में सबसे आगे खड़ा रहा.
हालांकि पिछले एक दशक में भारत में कई विदेशी और घरेलू ब्रांड ने नूडल लांच किया लेकिन आज भी मैगी के पास देश के नूडल कारोबार सबसे बड़ा हिस्सा है. जहां साल 2010 में भारत में 294 करोड़ पैकेट (सर्विंग) नूडल की खपत हुई थी वहीं 2014 तक यह लगभग बढ़कर 534 करोड़ पैकेट(सर्विंग) हो गई. इन आंकड़ों के साथ भारत विश्व में नूडल खपत में चौथा सबसे बड़ा देश भी है.
जानिए देश में नडूल कारोबार की 12 अहम आंकड़े
1. देश के नूडल कारोबार के 70 फीसदी हिस्से पर ब्रांड मैगी का कब्जा है.
2. देश में नूडल कारोबार कुल 4000 करोड़ रुपए का है.
3. नेस्ले का नूडल ब्रांड अकेले 3000 करोड़ का वार्षिक कारोबार करता है.
4. नेस्से इंडिया के कुल कारोबार के 30 फीसदी हिस्से पर मैगी का कब्जा है.
5. साल 2010 में मैगी के 294 करोड़ पैकेट खपत से बढ़कर 2014 में 534 करोड़ पैकेट हो गई.
6. मैगी के बाद आईटीसी का नूडल ब्रांड सनफीस्ट यिप्पी.
7. मैगी के अलावा देश में यिप्पी नूडल्स, नॉर, चिंग्स और टॉप रैमेन भी लोकप्रिय ब्रांड हैं.
8. आईटीसी का यिप्पी ब्रांड नूडल मार्केट के 20 फीसदी हिस्से के साथ 800 करोड़ का कारोबार करती है.
9. नूडल मार्केट का तीसरा सबसे बड़ा खिलाड़ी हिंदुस्तान यूनीलीवर का ब्रांड लॉर है जिसके पास 5 फीसदी हिस्सा है.
10. भारत में पिछले पांच साल में दोगुना हुई है नूडल की सेल.
11. चीन, इंडोनेशिया और जापान के बाद भारत में है नूडल की सर्वाधिक खपत.
12. चीन में नूडल की साल 2014 में 4,440 करोड़ पैकेट (सर्विंग) की खपत हुई.