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एक और भारतीय को दुनिया में मशहूर इस कंपनी की कमान, आनंद महिंद्रा बोले- इंडियन CEO की सुनामी...

स्टारबक्स के मैनजमेंट ने भारतीय मूल के लक्ष्मण नरसिम्हन (Laxman Narasimhan) को कंपनी का मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) नियुक्त करने का ऐलान किया है. नरसिम्हन ने पुणे विश्वविद्यालय के कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग से पढ़ाई की है. 1993 से 2012 तक नरसिम्हन ने मैनेजमेंट कंसल्टेंसी फर्म McKinsey में काम किया है

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स्टारबक्स के नए सीईओ बनेंगे लक्ष्मण नरसिम्हन.
स्टारबक्स के नए सीईओ बनेंगे लक्ष्मण नरसिम्हन.

दिग्गज कॉफी कंपनी स्टारबक्स (Starbucks) ने अपनी कमान एक भारतीय के हाथों में सौंप दी है. स्टारबक्स के मैनजमेंट ने भारतीय मूल के लक्ष्मण नरसिम्हन (Laxman Narasimhan) को कंपनी का मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) नियुक्त करने का ऐलान किया है. नरसिम्हन एक अक्टूबर से स्टारबक्स से जुड़ जाएंगे और अगले साल कंपनी के मौजूदा सीईओ हॉवर्ड शुल्त्स (Howard Schultz) की जगह लेंगे. स्टारबक्स के सीईओ नियुक्त होने के ऐलान के बाद नरसिम्हन भी सुंदर पिचाई और पराग अग्रवाल के क्लब में शामिल हो गए हैं, जिनके हाथों में विदेशी कंपिनयों की कमान है. सुंदर पिचाई गूगल और पराग अग्रवाल ट्विटर के सीईओ हैं. 

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अगले साल से संभालेंगे सीईओ का पद

एक अक्टूबर से अमेरिकन कंपनी स्टारबक्स में शामिल होने वाले लक्ष्मण नरसिम्हन की मदद के लिए हॉवर्ड शुल्त्स अप्रैल 2023 तक अंतरिम प्रमुख के रूप में बने रहेंगे. 55 वर्षीय नरसिम्हन ने ब्रिटेन स्थित रेकिट बेंकिजर ग्रुप पीएलसी, लिसोल और एनफैमिल बेबी फॉर्मूला (Lysol and Enfamil baby formula) के सीईओ के रूप में काम किया है.

द वॉल स्ट्रीट जर्नल के अनुसार, स्टारबक्स की चेयरपर्सन मेलोडी हॉब्सन ने कहा कि कंपनी को अपना अगला सीईओ बनाने के लिए एक असाधारण व्यक्ति मिला है, क्योंकि नरसिम्हन एक टेस्टेड लीडर हैं. हॉब्सन ने कहा- 'हमने नए सीईओ की सहायता के लिए शुल्त्स को अप्रैल 2023 तक अंतरिम सीईओ के रूप में बने रहने के लिए कहा है. नरसिम्हन एक अप्रैल को सीईओ के पद को संभालेंगे.

ऐसा रहा है करियर

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1993 से 2012 तक नरसिम्हन ने मैनेजमेंट कंसल्टेंसी फर्म McKinsey में काम किया है. 2012 में उन्होंने पेप्सिको ज्वाइन कर लिया था. यहां वे चीफ कर्मशियल ऑफिसर के पद पर रह चुके हैं. 2019 में वो रेकिट बेंकिजर ग्रुप पीएलसी के सीईओ बने थे. नरसिम्हन ने सार्वजनिक क्षेत्र में विशेष रूप से स्किल बिल्डिंग और शिक्षा के क्षेत्रों में प्रोजेक्ट का नेतृत्व किया है. वो अमेरिकन नॉन-प्रॉफिट फॉरेन पॉलिसी एसोसिएशन और ब्रुकिंग्स इंस्टीट्यूशन के एक थिंक टैंक के फेलो हैं. ब्रॉन्ड और कंज्यूमर बेस्ड स्ट्रेटजी डेवलप करने और डिजिटल इनोवेशन में उनका रिकॉर्ड शानदार रहा है है.

पुणे से की है इंजीनियरिंग की पढ़ाई

नरसिम्हन ने पुणे विश्वविद्यालय के कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग से पढ़ाई की है. इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी करने के बाद वे यूनिवर्सिटी ऑफ पेनसिल्वेनिया के व्हार्टन बिजनेस स्कूल चले गए थे. यहां से उन्होंने एमबीए की डिग्री हासिल की है. पुणे में जन्मे नरसिम्हन ने जर्मनी में मास्टर्स की पढ़ाई की है.

आनंद महिंद्रा ने किया ट्वीट

लक्ष्मण नरसिम्हन के स्टारबक्स से सीईओ बनने पर दिग्गज उद्योगपति आनंद महिंद्रा ने ट्वीट कर भारतीय टैलेंट की तारीफ की है. उन्होंने कहा- 'शुरू में जो पानी की एक बूंद थी वह अब सुनामी में बदल गई है. दुनिया की सबसे प्रतिष्ठित कंपनियों में भारतीय मूल के सीईओ की नियुक्ति अब एक चल बन गया है. इंटरनेशनल बोर्ड रूम में उन्हें लीडरशीप सौंपना लगभग सुरक्षित दांव माना जा रहा है.'

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