पिछले कुछ वर्षों में फिक्स्ड डिपॉजिट और पेंशन स्कीम की ब्याज दरें घटा दी गई हैं. इसका सबसे ज्यादा पेंशन स्कीम्स पर पड़ी हैं. दरअसल, वरिष्ठ नागरिकों के लिए नियमित आय का जरिया उनकी पेंशन होती है. ऐसे में उनके लिए सरकार की ओर से चलाई जा रही वय वंदना योजना एक आकर्षक विकल्प नजर आता है.
तमाम फिक्स्ड डिपॉजिट और पेंशन स्कीम्स के मुकाबले प्रधानमंत्री वय वंदना योजना में बेहतर ब्याज मिल रहा है. हालांकि कोरोना संकट की वजह से इस स्कीम की ब्याज दरों में कटौती हुई है, ब्याज दर आठ फीसद ब्याज से घटकर अब 7.4 फीसद रह गई हैं. हालांकि वार्षिक पेंशन का विकल्प चुनने पर सालाना 7.66 फीसद का रिटर्न मिलेगा. (Photo: Getty Images)
बुजुर्गों को पेंशन के लिए वय वंदना योजना में एकमुश्त निवेश करना होगा. हर साल 1 अप्रैल को सरकार समीक्षा कर इस योजना के रिटर्न में फेरबदल करती है. पेंशन मासिक, तिमाही, छमाही या सालाना आधार पर ली जा सकती है. (Photo: File)
नए संशोधनों के बाद 1000 रुपये मासिक पेंशन के लिए ग्राहक को न्यूनतम 1.62 लाख रुपये निवेश करने होंगे. तिमाही पेंशन के लिए 1.61 लाख, छमाही के लिए 1.59 लाख और सालाना पेंशन के लिए न्यूनतम 1.56 लाख रुपये निवेश करने होंगे. (Photo: File)
वय वंदना योजना में अधिकतम मासिक पेंशन 9250 रुपये मिलेगी. जब तिमाही पेंशन 27,750 रुपये, छमाही पेंशन 55,500 रुपये और अधिकतम सालाना पेंशन 1,11,000 रुपये मिलने का प्रावधान हैं. इस योजना में कोई भी निवेशक अधिकतम 15 लाख रुपये तक का निवेश कर सकता है. (Photo: File)
अगर आप 2021 को 15 लाख रुपये निवेश करते हैं तो वर्ष 2031 तक सालाना 7.4 फीसद तक का निश्चित रिटर्न मिलता रहेगा. अगर निवेशक 10 साल की पॉलिसी अवधि के बाद भी जीवित रहता है तो उसे पेंशन की अंतिम किस्त के साथ निवेश की गई राशि वापस मिल जाएगी. वहीं अगर किसी निवेशक की पॉलिसी की अवधि के दौरान मौत हो जाती है तो उसके नॉमिनी को पूरी निवेश राशि मिल जाएगी. (Photo: Getty Images)
किसके लिए है योजना?
प्रधानमंत्री वय वंदना योजना (PMVVY) के तहत बुजुर्गों के लिए पेंशन की व्यवस्था की जाती है. इस स्कीम को एलआईसी के अधीन रखा गया है. पेंशन स्कीम होने की वजह से 60 साल की उम्र के बाद ही इसका लाभ मिल सकता है. अब इस स्कीम से जुड़ने की डेडलाइन मार्च 2023 तक की है. (Photo: Getty Images)
इस पेंशन स्कीम में कई तरह के फायदे हैं. उदाहरण के लिए अगर बीच में निवेशक की मृत्यु हो जाती है तो नॉमिनी को खरीद मूल्य वापस किया जाता है. पॉलिसी खरीदते समय निवेशक द्वारा जमा की गई रकम 10 साल की अवधि पूरा होने के बाद वापस हो जाती है. निवेश के 3 साल बाद लोन सुविधा भी उपलब्ध है. इसके साथ ही कुछ खास परिस्थितियों में प्री-मैच्योर विद्ड्रॉल की इजाजत मिलती है. अहम बात ये है कि इस पेंशन स्कीम में मेडिकल एग्जामिनेशन की भी जरूरत नहीं है. (Photo: File)
क्या है हेल्पलाइन नंबर
प्रधानमंत्री वय वंदना योजना के बारे में अधिक जानकारी के लिए आप 022-67819281 या 022-67819290 नंबर पर कॉल कर सकते हैं. इसके अलावा टोल फ्री नंबर- 1800-227-717 और ईमेल आईडी- onlinedmc@licindia.com के जरिए भी स्कीम के फायदे को समझा जा सकता है. इसके अलावा https://eterm.licindia.in/onlinePlansIndex/pmvvymain.do लिंक पर विजिट कर विस्तार से स्कीम के बारे में समझ सकते हैं. (Photo: File)