Mastercard पर कड़ी कार्रवाई करते हुए भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने उसे नए डेबिट और क्रेडिट कार्ड जारी करने से रोक दिया है. इससे कई बैंकों के ग्राहकों मुश्किल आ सकती है. RBI के इस फैसले के बाद कोई भी बैंक Mastercard के डेबिट या क्रेडिट कार्ड जारी नहीं कर पाएगा. (फाइल फोटो)
जापानी रिसर्च एवं ब्रोकरेज फर्म नोमुरा ने शुक्रवार को कहा कि क्रेडिट कार्ड के मामले में देखें तो येस बैंक, आरबीएल बैंक और बजाज फिनसर्व पर सबसे ज्यादा असर होगा. (फाइल फोटो)
क्यों किया RBI ने बैन: RBI लगातार विदेशी फिनटेक और फाइनेंस कंपनियों पर नियमों के पालन को लेकर सख्त रवैया अपनाए हुए है. इसमें भी सबसे अहम डेटा स्टोरेज से जुड़े नियम हैं और इसमें कोताही का खामियाजा अब मास्टरकार्ड को भुगतना पड़ा है. RBI ने अपने आदेश में कहा नियमों के पालन के लिए पर्याप्त अवसर और समय दिए जाने के बावजूद Mastercard ने डेटा स्टोरेज के नियमों का पालन नहीं किया. (फाइल फोटो)
Nomura ने कहा, 'इन सबकी पूरी कार्ड योजनाएं मास्टरकार्ड से जुड़ी हुई हैं. HDFC बैंक की करीब 60 फीसदी कार्ड योजनाएं मास्टरकार्ड, Diners और Amex से जुड़ी हुई हैं. इसी तरह ICICI बैंक और Axis Bank के मामले में यह 35-36% है. कोटक महिंद्रा बैंक का कार्ड पोर्टफोलियो पूरी तरह से Visa से जुड़ा हुआ है. इसलिए इसके ग्राहकों को कोई समस्या नहीं होगी. (फाइल फोटो: Getty Images)
इस बीच संकट से बचने के लिए बैंक वीसा की सेवाएं लेने की कोशिश में लग गए हैं. RBL बैंक ने कहा कि उसने अपने नए ग्राहकों को क्रेडिट कार्ड जारी करने के लिए पेमेंट कंपनियों से टाईअप किया है. लेकिन टेक्नोलॉजी अपनाने में 8 से 10 हफ्ते का समय लग जाता है. (फाइल फोटो: Getty Images)
क्या होगा मौजूदा ग्राहकों का: आरबीआई ने यह साफ किया है कि मास्टरकार्ड पर यह सख्ती मौजूदा ग्राहकों के मामले में नहीं होगी. यानी मास्टरकार्ड मौजूदा ग्राहकों को अपनी सेवाएं जारी रख सकता है. मौजूदा ग्राहकों को इससे परेशान होने की जरूरत नहीं है. तो अगर आप पहले से मास्टरकार्ड का क्रेडिट या डेबिट कार्ड यूज कर रहे हैं तो आपको घबराने की जरूरत नहीं है. मौजूदा ग्राहकों को सभी तरह की सेवाएं पहले जैसी ही मिलती रहेंगी. (फाइल फोटो: Getty Images)