देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) के सिर से मां का साया उठ गया. 100 साल की उम्र में हीरा बा का अहमदाबाद के एक अस्पताल में निधन हो गया. उन्हें मंगलवार को यूएन मेहता अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती कराया गया था और शुक्रवार सुबह 3.30 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली. दिवंगत हीरा बा अपने बेटे PM Modi के हर फैसले का समर्थन करती थीं और नोटबंदी जैसे बड़े निर्णय के दौरान भी उन्हें आम इंसान की तरह लाइन में लगकर नोट बदलवाते देखा गया था.
लाइन में लगकर बदलवाए थे पुराने नोट
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आठ नवंबर 2016 को नोटबंदी (Demonetisation) का बड़ा फैसला लिया था. उनके इस फैसले से पूरे देश में हड़कंप मच गया था लेकिन उनकी मां हीरा बा (Heeraben Modi) ने अपने बेटे का समर्थन किया था. पीएम के इस फैसले के बाद देशभर में लोग बैंकों के बाहर लंबी लाइनें लगातार अपने नोट बदलवा रहे थे. इस दौरान प्रधानमंत्री की मां हीरा बा भी एक आम इंसान की तरह ही लाइन में लगकर अपने पुराने नोट बदलवाने के लिए बैंक में पहुंची थीं.
बैंक पहुंचकर बदलवाए थे 4500 रुपये
हीरा बा 15 नवंबर 2016 अपने पास जमा किए पुराने नोटों को बदलवाने के लिए गांधीनगर के ओरिएंटल बैंक ऑफ कॉमर्स में पहुंची थीं. यहां पहुंच पीएम की मां ने 4500 रुपये बदलवाए थे. इस तरह उन्होंने उस समय पूरे देश को एक संदेश दिया था, जबकि बैंकों के बाहर लंबी कतारों में खड़े लोग व्यवस्थाओं के लेकर सरकार को घेर रहे थे. ऐसे हालात में हीरा बा का खुद बैंक जाकर नोट बदलवाना एक बड़ा संदेश था कि सभी को सरकार के इस फैसले का समर्थन करना चाहिए.
बैंक ने दिया था 2000 का नया नोट
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मां हीराबा (PM Modi Mother Heeraben) ने अपने जमा में से जो 4500 रुपये बदलवाए थे. तो ओरिएंटल बैंक ऑफ कॉमर्स की ओर से इन पुराने नोटों के बदले उन्हें 2000 के नोट के अलावा 10-10 रुपये की गड्डी दी थी. उनकी दो हजार का नोट दिखाते हुए तस्वीर भी सोशल मीडिया पर खूब वायरल हुई थी. बैंक आकर हीरा बा वरिष्ठ नागरिकों की लाइन में खड़ी हुईं और अपनी बारी आने पर उन्होंने पैसे बदलवाए.
Modi की टीका कर दिया था 500 का नोट
हीरा बा के साथ उस समय उनके बेटे पंकज मोदी भी थे. देश के प्रधानमंत्री का खुद बैंक आकर पैसे बदलवाना इस बात का प्रतीक माना जा रहा है कि वे अपने बेटे के हर फैसले के साथ हमेशा खड़ी रहीं. उनकी एक और तस्वीर काफी सुर्खियों में रही थी. जब 2019 के लोकसभा चुनाव के तीसरे चरण के दौरान अपना वोट डालने के बाद नरेंद्र मोदी मां का आर्शीवाद लेने के लिए पहुंचे थे. इस दौरान हीरा बा ने उन्हें हलवा खिलाया और पावागढ़ी की माता की चुनरी भेंट की थी. इसके अलावा उन्होंने अपने बेटे को नारियल, 500 रुपये और मिश्री भी दी थी.
2016 में पहली बार पहुंची थीं PMO
बेटे के प्रधानमंत्री बनने के बाद हीरा बा एक बार मई 2016 में प्रधानमंत्री आवास पहुंची थीं. इस दौरान पीएम मोदी ने उन्हें व्हीलचेयर पर बैठाकर पूरी पीएमओ (PMO) घुमाया था. PM ने उस समय ट्वीट के जरिए मां के साथ पीएमओ में टहलते हुए कुछ तस्वीरें पोस्ट कर बताया था कि उनकी मां पहली बार 7 आरसीआर आई थीं. इन तस्वीरों में वे अपनी मां को व्हीलचेयर से घुमाते नजर आए थे.
हर खास मौके और फैसले पर मां का आर्शीवाद
जिस तरह से दिवंगत हीरा बा अपने बेटे के हर फैसले का समर्थन किया करती थीं. उसी तरह PM Modi का भी अपनी मां से खास लगाव रहा. यही वजह है कि जब भी कोई खास मौका होता, या पीएम मोदी गुजरात के दौरे पर होते, तो वे समय निकाल कर अपनी मां से मिलने जाते थे. पीएम मोदी कई बार सार्वजानिक मंच पर अपनी मां का जिक्र करते रहे हैं. कई बार तो पीएम मोदी उनके संघर्षों को याद कर भावुक हो जाते थे.
PM बनने के बाद जब मां के पास पहुंचे थे मोदी
प्रधानमंत्री बनने के बाद नरेंद्र मोदी साल 2014 में अपने 64वें जन्मदिन के मौके पर जब अपनी मां हीरा बा से मिलने गांधीनगर पहुंचे थे. पीएम मोदी ने मां के पैर छुकर आशीर्वाद लिए. मां ने अपने बेटे को जन्मदिन के मौके पर शगुन के तौर पर 5001 रुपये दिए. लेकिन मोदी ने इसे बाढ़ प्रभावित जम्मू-कश्मीर के लिए दान देने को कहा था.
हर नए कदम के लिए शगुन देती थीं हीरा बा
इससे चंद महीने पहले जब नरेंद्र गुजरात (Gujarat) की गद्दी छोड़कर दिल्ली आ रहे थे. दिल्ली के लिए रवाना होने से पहले मोदी अपनी मां से मिलने पहुंचे थे. अपने बेटे को देश का प्रधानमंत्री बनने का आशीर्वाद देकर मां ने बेटे को मीठा खिलाया, पानी पिलाया, मुंह पोछा और 101 रुपये का शगुन दिया. अपने से दूर जा रहे मां-बेटे के इस मिलाप को देखकर सबका दिल भर आया था.