केंद्रीय कमर्चारियों (Central Employees) को सैलरी में बढ़ोतरी को लेकर जल्द ही खुशखबरी मिल सकती है. खबर है कि सरकार 2023 की दूसरी छमाही के लिए डीए में बढ़ोतरी (DA Hike) के साथ फिटमेंट फैक्टर (Fitment Factor) में भी इजाफा कर सकती है. अगर फिटमेंट फैक्टर में बढ़ोतरी का ऐलान होता है, तो कर्मचारियों की बेसिक सैलरी (Basic Salary) में जोरदार इजाफा होगा. हालांकि, इसपर सरकार की तरफ से किसी भी तरह का आधिकारिक ऐलान नहीं किया गया है. कर्मचारियों को फिटमेंट फैक्टर फिलहाल 2.57 फीसदी है.
कितनी बढ़ जाएगी सैलरी?
मान लीजिए कि किसी कर्मचारी 4200 रुपये के ग्रेड पे में 15,500 रुपये बेसिक सैलरी के रूप में मिलती है. इस तरह उसके कुल वेतन 15,500X2.57 रुपये या 39,835 रुपये होगा. छठे सीपीसी ने फिटमेंट फैक्टर में 1.86 फीसदी इजाफा करने की सिफारिश की थी. कर्मचारी मांग कर रहे हैं कि फिटमेंट फैक्टर को बढ़ाकर 3.68 फीसदी कर दिया जाए. अगर इतनी बढ़ोतरी होती है, तो मौजूदा न्यूनतम वेतन 18,000 रुपये से बढ़ाकर 26,000 रुपये कर देगी.
कितना बढ़ सकता है डीए
इसके अलावा सरकार दूसरी छमाही के लिए महंगाई भत्ते (DA) और महंगाई राहत (DR) में चार फीसदी का इजाफा कर सकती है. सरकार ने इस साल की पहली छमाही के लिए भी DA और DR में चार फीसदी का इजाफा किया था. अगर चार फीसदी का इजाफा हुआ, तो डीए 42 फीसदी से बढ़कर 46 फीसदी हो जाएगा और कर्मचारियों की सैलरी में भी इजाफा होगा. सरकार ने मार्च 2022 में कर्मचारियों के डीए में तीन फीसदी की बढ़ोतरी की थी. इस बढ़ोतरी के बाद कर्मचारियों का महंगाई भत्ता 31 फीसदी से बढ़कर 34 फीसदी पर पहुंचा गया था. इसके बाद दो बार चार-चार फीसदी का इजाफा डीए में हुआ है.
सैलरी में कितना इजाफा होगा?
अगर केंद्रीय कर्माचरियों का डीए 46 फीसदी हो जाता है, तो उनकी सैलरी में भी बढ़ोतरी होगी. मान लीजिए कि किसी केंद्रीय कर्मचारी का बेसिक पे 18,000 रुपये है. अगर 42 फीसदी के हिसाब से देखें, तो डीए 7560 रुपये बनता है. वहीं, अगर डीए बढ़कर 46 फीसदी दूसरी छमाही में हो जाता है, तो ये 8280 रुपये बनेगा. यानी सैलरी में प्रति महीने 720 रुपये का इजाफा होगा. दूसरी छमाही के लिए डीए में बढ़ोतरी की मंजूरी सरकार सितंबर या अक्टूबर में देती है. लेकिन इस बार अगस्त में ऐलान की संभावना है.
पहली छमाही के लिए डीए में चार फीसदी इजाफा हुआ है. डीए सरकारी कर्मचारियों की सैलरी का स्ट्रक्चर का हिस्सा होता है. महंगाई दर को देखते हुए केंद्र सरकार कर्मचारियों के डीए में इजाफा करती है.