शेयर मार्केट में हाहाकार मचा हुआ है. बड़ी से बड़ी कंपनियों के शेयर में निवेश करने वालों के पैसे डूब रहे हैं. इस बीच सिगरेट बनाने वाली एक कंपनी लगातार निवेशकों की झोली भर रही है. आखिर इसके पीछे की वजह क्या है...
भारत में सिगरेट बनाने वाली कंपनी ITC Limited का शेयर इस साल की शुरुआत से ही चढ़ा हुआ है. साल के पहले कारोबारी दिन यानी 3 जनवरी 2022 को कंपनी के शेयर का भाव (ITC Share Price) बीएसई पर 219.15 रुपये का था. शुक्रवार को भी इसमें लगातार बढ़त बनी हुई है और ये अभी 281 रुपये पर ट्रेड हो रहा है. इस तरह सिर्फ 2022 में ही इस कंपनी के शेयर पर निवेशकों को 28.25% का रिटर्न मिला है.
जबकि इसी अवधि में BSE Sensex 5,300 अंक से ज्यादा यानी 8.97% नीचे आया है. वहीं NSE Nifty भी 1400 अंक से ज्यादा यानी 8.44% गिरा है. आखिर क्या वजह है कि ITC का शेयर लगातार चढ़ रहा है.
ITC Limited यूं तो FMCG और Hotel सेक्टर में भी काम करती है, लेकिन कंपनी का मुख्य कारोबार सिगरेट का है. बीते दो बजट से सरकार ने सिगरेट और अन्य तंबाकू उत्पादों पर कर में बढ़ोतरी नहीं की है. साल 2020 के बजट में सिगरेट पर 212% से 388% तक के टैक्स का प्रावधान किया गया था. लेकिन उसके बाद 2021 और 2022 में इस पर किसी तरह का टैक्स नहीं बढ़ा है. इस वजह से ITC को कीमतों के स्थिर होने का फायदा मिला है और उसकी सिगरेट की सेल बढ़ी है. एडेलवेइस सिक्योरिटीज के मुताबिक 2022-23 में कंपनी की सिगरेट सेल में 6% की ग्रोथ हो सकती है.
इसे भी देखें : सिगरेट बेच ITC ने कमाए 7,177 करोड़ रुपये, अब शेयरहोल्डर्स में बांटेगी इतना लाभांश
अगर जनवरी 2022 से अब तक के हाल को देखें तो आईटीसी लिमिटेड का मुनाफा बढ़ रहा है. इसमें भी उसकी सिगरेट की सेल बढ़ी है. कंपनी के जनवरी-मार्च 2022 अवधि के परिणामों पर नजर डालें तो सिगरेट बिजनेस से उसे 7,177 करोड़ रुपये की आय हुई, जो वित्त वर्ष 2020-21 की इसी तिमाही में 6,508 करोड़ रुपये थी.
आईटीसी लिमिटेड को वित्त वर्ष 2021-22 की चौथी तिमाही में 4,196 करोड़ रुपये का कंसोलिडेटेड मुनाफा (Consolidated Net Profit) हुआ है. ये इससे पिछले वित्त वर्ष 2020-21 की जनवरी-मार्च तिमाही के 3,755.47 करोड़ रुपये के मुनाफे से 11.7 फीसदी अधिक है.
जबकि ठीक इससे पहले की अक्टूबर- दिसंबर तिमाही (वित्त वर्ष 2021-22 की तीसरी तिमाही) में कंपनी की सिगरेट से होने वाली आय सालाना आधार पर 14.3% बढ़कर 6,959 करोड़ रुपये थी और कंपनी का ओवरऑल मुनाफा 15% बढ़कर 4,056 करोड़ रुपये रहा था. इस तरह फंडामेंटल बढ़िया रहने से कंपनी में निवेशकों का भरोसा बढ़ा है.
हाल में केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBIC) के चेयरमैन विवेक जौहरी ने एक बयान में कहा था कि कुछ वस्तुएं GST में विलासी वस्तुओं (Sin Goods) की कैटेगरी में आती हैं. इन पर टैक्स की दर को एक लिमिट के बाद नहीं बढ़ाया जा सकता है. फिक्की के एक कार्यक्रम में बोलते हुए उन्होंने ये बात भले ज्यादा टैक्स होने के बावजूद सिगरेट और अल्कोहल जैसी चीजों का उपभोग कम नहीं होने के संदर्भ में कही थी, लेकिन बाजार ने इसका रिस्पांस अलग तरीके से दिया.
ITC Limited के शेयर को लेकर कई ब्रोकरेज हाउस ने 300 रुपये से अधिक का टारगेट प्राइस तय किया है. हालांकि ध्यान रहे, शेयर बाजार में पैसे लगाने पर कई तरह के रिस्क होते हैं. स्टॉक मार्केट में पैसे लगाने से पहले आप खुद से रिसर्च जरूर करें या अपने पर्सनल फाइनेंस एडवाइजर की सलाह लें.
ये भी पढ़ें: