देश की सबसे बड़ी बीमा कंपनी जीवन बीमा निगम (LIC) के शेयरों में आज फिर गिरावट का दौर जारी है. LIC निवेशकों की कंपनी के तिमाही नतीजे और बोर्ड की बैठक पर निगाहें थीं. निवेशक बेहतर डिविडेंड ((Dividend) के इंतजार में थे. लेकिन उन्हें झटका लगा है, साथ ही कंपनी का मुनाफा भी घटा है.
दरअसल, सोमवार को LIC ने शेयर बाजार में लिस्टिंग के बाद पहली बार अपनी तिमाही नतीजे जारी किए. ये नतीजे बाजार बंद होने के बाद आए थे. वित्त वर्ष 2021-22 की चौथी तिमाही में LIC का शुद्ध मुनाफा (Net Profit) 18% घटकर 2372 करोड़ रुपये रह गया.
जबकि Life Insurance Corporation of India (LIC) को समान तिमाही में पिछले साल कुल 2,893 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा हुआ था. हालांकि कंपनी को FY22 की चौथी तिमाही में नेट प्रीमियम आय (Net Premium Income) बढ़कर 1.44 लाख करोड़ रुपये हो गई है, जो कि समान तिमाही में पिछले साल 1.22 लाख करोड़ रुपये थी.
LIC के शेयरों में गिरावट
मंगलवार को BSE पर LIC के शेयर ढाई फीसदी फिसलकर 817 रुपये पर कारोबार कर रहा था. LIC के शेयर अपने IPO के इश्यू प्राइस से 15% से ज्यादा टूट चुका है. सोमवार को बीएसई (BSE) पर एलआईसी का शेयर 1.89 फीसदी की बढ़त के साथ 837 रुपये पर बंद हुआ था. अभी कंपनी का एमकैप (LIC MCap) 5.19 लाख करोड़ रुपये है.
तिमाही नतीजे के साथ LIC ने शेयरधारकों को 1.50 रुपये प्रति शेयर डिविडेंड (Dividend) देने का ऐलान किया है. उम्मीद की जा रही थी कि कंपनी बहुत बेहतरीन डिविडेंड देकर निवेशकों को खुश कर सकती है. क्योंकि LIC की कमजोर लिस्टिंग से निवेशक निराश हैं. लेकिन महज डेढ़ रुपये का डिविडेंड देने की घोषणा की गई. जबकि IPO निवेशकों को 1000 रुपये प्रति लॉट के हिसाब नुकसान हो रहा है.
17 मई को हुई थी लिस्टिंग
दरअसल LIC के शेयरों की लिस्टिंग 17 मई को हुई थी. लिस्टिंग के बाद से ही एलआईसी के शेयरों में गिरावट देखी जा रही है. एलआईसी आईपीओ के लिए 902-949 रुपये का प्राइस बैंड तय किया गया था. कंपनी का शेयर बाजार में करीब 9 फीसदी के डिस्काउंट के साथ लिस्ट हुआ था.
एलआईसी के आईपीओ का साइज (LIC IPO Size) 20,557 करोड़ रुपये था और इसे 2.95 गुना सब्सक्राइब किया गया था. लिस्टिंग के बाद से इसके भाव में लगातार गिरावट आई है. आईपीओ के जरिये बड़े पैमाने में LIC पॉलिसीहोल्डर्स ने कंपनी में निवेश किया है, जो अभी नुकसान में चल रहे हैं.