scorecardresearch
 

मोदी सरकार का तरीका आएगा पाकिस्तान के काम? अपनाने की सलाह.. फिर करना होगा देश में ये बड़ा ऐलान!

पाकिस्तान के इकोनॉमिस्ट Ammar Khan ने अपने वायरल हो रहे पोडकास्ट में सलाह देते हुए कहा है कि Pakistan Economy में लगभग 8 ट्रिलियन रुपये बिना जांच के सर्कुलेशन में हैं. यह नकदी देश में खपत बढ़ाने का काम कर रही है, जबकि इससे किसी तरह का कोई टैक्स नहीं मिल पा रहा है.

Advertisement
X
पाकिस्तान को संकट से उबारने में मदद कर सकती है इस अर्थशास्त्री की सलाह!
पाकिस्तान को संकट से उबारने में मदद कर सकती है इस अर्थशास्त्री की सलाह!

पाकिस्तान अपने इतिहास के सबसे बड़े आर्थिक संकट (Pakistan Economic Crisis) से जूझ रहा है और इससे निकलने के लिए हर जगह मदद मांगता फिर रहा है. चीन के आलावा इक्का-दुक्का देश ही उसकी मदद को आगे आए हैं, लेकिन इनकी मदद ऊंट के मुंह में जीरा के समान ही है. अब एक पाकिस्तानी अर्थशास्त्री (Pakistani Economist) ने देश की चरमराती अर्थव्यवस्था (Economy) को बचाने के लिए बड़ी सलाह दी है. उन्होंने कहा है कि पाकिस्तान सरकार को 5,000 रुपये (Demonetize 5000 Rupee Note) का नोट तुरंत बंद कर देना चाहिए. 

Advertisement

2016 में मोदी सरकार ने की थी नोटबंदी
बिजनेस टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक, पाकिस्तान के एक अर्थशास्त्री अम्मार खान (Ammar Khan) ने सुझाव दिया है कि मौजूदा आर्थिक संकट से बाहर निकलने के लिए पाकिस्तान को अपने 5,000 रुपये के नोट का चलन बंद कर देना चाहिए, जो कि सर्कुलेशन में सबसे अधिक मूल्य का नोट है. वायरल हो रहे खान के एक पोडकास्ट (Viral Podcast) में उन्होंने कहा है कि भारत में इस फॉर्मूले ने जबरदस्त तरीके से काम किया और इस कदम से टैक्स कलेक्शन में भी वृद्धि देखी गई. गौरतलब है कि भारत ने नवंबर 2016 में देश में 500 रुपये और 1,000 रुपये के नोटों को चलन से बाहर कर दिया था.

सर्कुलेशन में करीब 8 खरब रुपये  
Ammar Khan ने अपने पोडकास्ट में आगे कहा कि पाकिस्तानी इकोनॉमी में लगभग 8 खरब रुपये बिना जांच के सर्कुलेशन में हैं. यह नकदी देश में खपत बढ़ाने का काम कर रही है, जबकि इससे किसी तरह का कोई टैक्स नहीं मिल पा रहा है. यही कारण है कि यह पैसा वित्तीय संकट से घिरे देश में महंगाई (Pakistan Inflation) को लगातार बढ़ाने में अहम रोल अदा कर रहा है. उन्होंने कहा कि पाकिस्तान में ज्यादातर लेन-देन नकदी में ही होता है. जबकि, देश आयात अमेरिकी डॉलर में करता है. ऐसे में इसका कोई हिसाब-किताब नहीं रहता है. 

Advertisement

अम्मार खान ने दिया ये तर्क
पाकिस्तानी अर्थशास्त्री ने तर्क देते हुए कहा कि इन 5,000 रुपये के नोटों का कोई उपयोग नहीं हो पा रहा है. देश के बैंकों में नकदी की समस्या है और ये बड़ा कारण है कि वे ऋण देने में सक्षम नहीं हैं. अम्मार खान ने कहा कि अगर 5,000 रुपये के रूप में चलन में मौजूद 8 खरब रुपये देश के बैंकों में वापस आ जाएं, तो अचानक आपके पास सरप्लस पैसा उपलब्ध हो जाएगा. जो आर्थिक संकट से उबरने में मददगार होगा.  

सिर्फ बड़े लोगों के पास 5000 के नोट
किसी भी देश में नोटबंदी के फैसले पर विरोध तो होता ही है, भारत में भी ये देखने को मिला था. अम्मार खान ने अपने पोडकास्ट में इस बात का भी जिक्र किया है. उन्होंने 5,000 रुपये के नोट पाकिस्तान में बंद करने की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि इसका विरोध होगा, लेकिन यह नोट आमतौर पर बड़े आदमियों के पास ही हैं, इसलिए आम आदमी को दिक्कतों का सामना नहीं करना पड़ेगा.


 

Advertisement
Advertisement