EPFO ने UAN और आधार को लिंक करना अनिवार्य बना दिया है. इसकी समयसीमा 30 नवंबर को समाप्त हो रही है. इससे पहले जो लोग UAN-Aadhaar Link नहीं करा पाएंगे, उनका पीएफ खाता (PF Account) बंद हो जाएगा.
अब समयसीमा बढ़ने की नहीं है गुंजाइश
EPFO पहले ही UAN-Aadhaar Linking की समयसीमा को बढ़ा चुका है. पहले इसकी समयसीमा 31 अगस्त 2021 को समाप्त हो रही थी, जिसे बाद में बढ़ाकर 30 नवंबर 2021 कर दिया गया. अब इसे और बढ़ाए जाने की कोई गुंजाइश नहीं है. जिन लोगों ने अब तक यूएएन को आधार के साथ लिंक नहीं किया है, उनके पास यह जरूरी काम निपटाने के लिए महज दो ही दिन बचे हैं. बचे दो दिन में यह काम नहीं निपटा पाने वाले लोगों को पीएफ खाता बंद होने के अलावा अन्य नुकसान भी हो सकता है.
पीएफ खाते से नहीं कर पाएंगे कोई निकासी
ईपीएफओ पहले ही साफ-साफ बता चुका है कि जो अंशधारक समयसीमा के भीतर UAN-Aadhaar लिंक नहीं करा सकेंगे, उनके खाते में पीएफ जमा होना बंद हो जाएगा. इसके अलावा ऐसे अंशधारक अपने पीएफ खाते से निकासी भी नहीं कर सकेंगे. कोविड-19 को देखते हुए पीएफ खाते से कुछ हिस्सा निकालने की हाल ही में दी गई सुविधा का लाभ भी ऐसे ग्राहकों को नहीं मिल सकेगा.
सात लाख के इस बीमा कवर का भी होगा नुकसान
तय समयसीमा तक UAN-Aadhaar लिंक नहीं कराने वाले लोगों को एक और बड़ा नुकसान बीमा का हो सकता है. ईपीएफओ ने Employees Deposit Linked Insurance (EDLI) के लिए भी यूएएन को आधार से लिंक करना अनिवार्य कर दिया है. यह नहीं होने पर कर्मचारी के हिस्से का प्रीमियम (Premium) जमा नहीं हो पाएगा और उसे सात लाख रुपये तक के बीमा कवर (Insurance Cover) से हाथ धोना पड़ेगा.