क्रेडिट कार्ड का चलन काफी बढ़ गया है. इसके पीछे एक वजह यह है कि डेबिट कार्ड या बैंकिंग फ्रॉड में आपके रियल अकाउंट से रियल पैसे चले जाते हैं और काफी मुश्किल और समय लगने के बाद ही ये वापस मिल पाते हैं. वहीं क्रेडिट कार्ड में यह जोखिम कम होता है क्योंकि अगर आप समय पर फ्रॉड की सूचना देते हैं तो बैंक या क्रेडिट कार्ड इश्यू करने वाली कंपनी मामले की जांच करते हैं और मामला सही पाए जाने पर आपको कुछ भी भुगतान करने की जरूरत नहीं होती. इन सबके बावजूद कई बार लोग क्रेडिट कार्ड फ्रॉड के शिकार भी हो जाते हैं. ऐसे में सवाल उठता है कि क्रेडिट कार्ड फ्रॉड की जानकारी मिलने के तुरंत बाद क्रेडिट कार्ड होल्डर्स को क्या करना चाहिए.