केंद्रीय रसायन और उर्वरक मंत्री सदानंद गौड़ा ने सूचना दी है कि राज्यों को आवंटित की जाने वाली रेमडेसिविर की मात्रा को दोबारा से संशोधित किया गया है. केंद्रीय रसायन और उर्वरक मंत्री सदानंद गौड़ा ने ट्वीट करते हुए कहा, ''रेमडेसिविर के उत्पादन में हुई वृद्धि का मूल्यांकन करने के बाद राज्यों को किए जाने वाले इसके आवंटन में बदलाव किए गए हैं. आप इस ट्वीट को यहां भी देख सकते हैं:-
After in-depth review of enhanced availability of Remdesivir due to ramped up production, it's allocation plan to all states has been revised.
— Sadananda Gowda (@DVSadanandGowda) April 30, 2021
It's increased supply will help in fighting pandemic with deeper resolve.
Revised supply plan of #Remdesivir valid upto 2nd May, 2021👇 pic.twitter.com/TqCj0kK2o9
सदानंद गौड़ा ने कहा, ''इसके उत्पादन में हुई वृद्धि कोरोना से लड़ने में देश की मदद करेगी. नए आवंटन नियमों के अनुसार सबसे अधिक रेमडेसिविर इंजेक्शन महाराष्ट्र राज्य को आवंटित किए जाएंगे. महाराष्ट्र को 4,73,500 रेमडेसिविर इंजेक्शन दिए जाएंगे.
सरकारी डाटा के अनुसार सभी सातों कंपनियां जीडस कैडिला, हेरेरो, माइलान, सिप्ला, सिनजीन / सन, जुबिलेंट और डॉ. रेड्डीज महाराष्ट्र के लिए सप्लाई करेंगी.
दूसरा सबसे बड़ा हिस्सा गुजरात के लिए आवंटित किया जाएगा. गुजरात के लिए 1,82,500 रेमडेसिविर इंजेक्शन दिए जाएंगे. गुजरात के लिए डॉ. रेड्डी को छोड़कर बाकी सभी छः कंपनियां सप्लाई करेंगी.
तीसरा सबसे बड़ा आवंटन उत्तर प्रदेश के हिस्से आया है. उत्तर प्रदेश के लिए 1,79,300 रेमडेसिविर इंजेक्शन दिए जाएंगे. यहां पर भी डॉ. रेड्डी को छोड़कर बाकी सभी कंपनियों द्वारा सप्लाई की जाएगी.
पूरे देश के लिए कुल 18,00,000 रेमडेसिविर इंजेक्शन की सप्लाई की जानी है. भारत द्वारा विदेशों से भी जीवन रक्षक दवा रेमडेसिविर का आयात किया जा रहा है, जिससे कि मांग को कुछ कम किया जा सके. देश में 75,000 रेमडेसिविर की पहली खेप आज पहुंच चुकी भी है.