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गुजरात: रेमडेसिविर इंजेक्शन के लिए मेडिकल स्टोर पर लगी लाइन, BJP प्रदेश अध्यक्ष दे रहे फ्री में

कोरोना संक्रमण के बीच सबसे ज्यादा डिमांड बढ़ी रेमडेसिविर इंजेक्शन की. ये इंजेक्शन कोरोना के लिए बेहद असरदार माना जाता है. ऐसे में मेडिकल स्टोर पर इस इंजेक्शन लेने को लेने के लिए लाइन लगी है, तो वहीं बीजेपी अध्यक्ष ने इस इंजेक्शन को फ्री में दे रहे हैं. इसे लेकर कांग्रेस ने सवाल उठाना शुरू कर दिया है. 

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बीजेपी प्रदेश कार्यालय से फ्री में मिलते रेमडेसिविर इंजेक्शन  (फोटो - Twitter)
बीजेपी प्रदेश कार्यालय से फ्री में मिलते रेमडेसिविर इंजेक्शन (फोटो - Twitter)
स्टोरी हाइलाइट्स
  • कांग्रेस ने कहा राजनीति नहीं क्रिमिनल एक्ट है ये
  • फूड एंड ड्रग्स डिपार्टमेंट ने दिए जांच के आदेश 
  • कांग्रेस नेता ने पीएम मोदी से ट्वीट कर पूछा सवाल 

गुजरात में कोरोना की दूसरी लहर में संक्रमण के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं. ऐसे में रेमडेसिविर इंजेक्शन की डिमांड भी बढ़ गई है. कोरोना में बेहद असरदार माने जाने वाले इस इंजेक्शन को खरीदने के लिए मेडिकल स्टोरों पर लंबी लाइन लगी हुई हैं. एक ओर सरकार ये दावा कर रही है कि ये इंजेक्शन स्टॉक में नहीं है, जिसके चलते प्राइवेट हॉस्पिटल में इसे उपलब्ध नहीं कराया जा सकता है, वहीं बीजेपी कार्यालय से ये इंजेक्शन फ्री में दिए जा रहे हैं. 

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गुजरात बीजेपी के अध्यक्ष सीआर पाटिल ने कहा, बीजेपी कार्यालय से 5 हजार रेमडेसिविर इंजेक्शन कोरोना संक्रमित लोगों के रिश्तेदारों को फ्री में मुहैया कराए जा रहे हैं. अब इसे लेकर राजनीति गरमा गई है. सवाल यह खड़ा हो रहा है कि राज्य में लोगों के स्वास्थ्य को संभालने और इस महामारी के वक्त में इंजेक्शन मुहैया करवाने की जिम्मेदारी सरकार की है या फिर संगठन की. जिस इंजेक्शन की व्यवस्था सरकार नहीं कर पा रही है, लेकिन वहीं इंजेक्शन सीआर पाटिल बीजेपी दफ्तर से सब को मुफ्त में बांट रहे हैं. आखिर बीजेपी अध्यक्ष के पास इतनी बड़ी तादाद में ये कंट्रोल ड्रग्स आए कहां से? 

आज इसी को लेकर जब मुख्यमंत्री विजय रुपानी को पूछा गया कि सरकार के पास स्टॉक की कमी है, लेकिन बीजेपी अध्यक्ष सीआर पाटिल ये इंजेक्शन लोगों को बीजेपी दफ्तर पर मुफ्त में बांट रहे हैं, तो गुजरात के मुख्यमंत्री ने कहा सवाल सीआर पाटिल से पूछें कि वो कहां से लाए इंजेक्शन. सरकार ने एक भी इंजेक्शन सीआर पाटिल को नहीं दिया है. इसके बाद सवाल सीआर पाटिल से पूछा गया कि ये इंजेक्शन वो भी 5000 कहां से आए. तो बीजेपी प्रदेश ने कहा वो हमने खुद मेनेज किए हैं. कोरोना के वक्त लाइफ सेविंग इस इंजेक्शन को फूड एंड ड्रग्स डिपार्टमेंट के जरिए कंट्रोल किया गया है. इतना ही नहीं बीजेपी अध्यक्ष ट्वीट कर लोगों को रेमडेसिविर मुफ्त में देने की जानकारी दे रहे हैं.

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कांग्रेस ने उठाया सवाल 

तो वहीं कांग्रेस ने अब इस मामले में बीजेपी पर इंजेक्शन की काला बाजारी का आरोप लगाया है. अर्जुन मोढवाडिया ने पीएम मोदी को ट्वीट करते लिखा है कि 'पाटिल भाउ के पास 5000 इंजेक्शन कहां से आए, ये सिर्फ राजनीति ही नहीं, क्रिमिनल एक्ट है.'

बीजेपी अध्यक्ष के खिलाफ होगी जांच 
तो वहीं इंजेक्शन फ्री में उपलब्ध कराने वाले बीजेपी के अध्यक्ष सीआर पाटिल के खिलाफ फूड एंड ड्रग्स डिपार्टमेंट ने जांच के आदेश दिए हैं. फूड एंड ड्रग्स डिपार्टमेंट अब जांच करेगा कि इतनी बड़ी मात्रा में इंजेक्शन का स्टॉक बीजेपी अध्यक्ष के पास कैसे पहुंचा. 

 

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