पेरिस में एक शख्स ने एक टीचर का सिर इसलिए काट दिया क्योंकि उसने पैगंबर मोहम्मद का कार्टून अपने छात्रों को दिखाया था. बताया जा रहा है कि इसके बाद यह शख्स नारे लगाने लगा. मौके पर पहुंची पुलिस को उसने बंदूक दिखाई और डराने की कोशिश की. हालांकि बाद में पुलिस ने उसे गोली मार दी.
एक समाचार एजेंसी के मुताबिक इतिहास के टीचर ने अपने छात्रों को पैगंबर मोहम्मद का कार्टून दिखाया था. इससे वह शख्स नाराज था. कार्टून दिखाने से नाराज शख्स टीचर के पास चाकू लेकर पहुंचा और उनका सिर काट दिया. घटना की जानकारी मिलने पर जब पुलिस मौके पर पहुंची तो आरोपी वहीं मौजूद था. फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने पेरिस के उत्तर-पश्चिमी उपनगर में एक शिक्षक का सिर काटे जाने की घटना की निंदा की है. उन्होंने चरमपंथियों से निपटने के लिए त्वरित और ठोस कार्रवाई किए जाने का वादा किया. राष्ट्रपति ने हमले के कुछ घंटों बाद कॉन्फ्लैन्स-सौं-होनोरी मिडल स्कूल का दौरा किया.
राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने कहा, 'हमारे एक नागरिक की आज हत्या कर दी गई क्योंकि वह छात्रों को अभिव्यक्ति की आजादी सिखा रहा था.'असल में, फ्रांस में पैगंबर मोहम्मद संबंधित विवाद में अब तक दो लोगों की जान जा चुकी है.
गौरतलब है कि पुलिस ने आरोपी शख्स से हथियार डालने के लिए कहा था. मगर वह पुलिस को हथियार दिखाकर मौके से फरार हो गया. काफी दूर पहुंचकर उस शख्स ने फिर से पुलिस को बंदूक दिखाई और आत्मसमर्पण करने से इनकार कर दिया. इस दौरान पुलिस ने उसे गोली मार दी. अब इस मामले में जांच के आदेश दिए गए हैं. एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि संदिग्ध के पास एक चाकू और बंदूक थी. संदिग्ध उस घटनास्थल से लगभग 600 मीटर (गज) की दूरी पर मारा गया, जहां टीचर की उसने हत्या की थी.
शार्ली एब्दो की घटना
टीचर का सिर काटे जाने से फ्रांस में एक बार फिर चिंता की लकीरें खींच गई हैं. यह घटना ऐसे समय सामने आई है, जब फ्रांस की राजधानी पेरिस में 2015 में हुए शार्ली एब्दो हमले की सुनवाई चल रही है. उस दौरान जो अटैक हुआ था, उसे पैगंबर मोहम्मद के कार्टून छापने से नाराज होकर किया गया हमला बताया गया था.