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क्राइम न्यूज़

MP: पति ने पत्नी को ड्राइवर के साथ आपत्तिजनक स्थिति में पकड़ा, फिर पत्नी ने रची साजिश

पति ने ड्राइवर के साथ पत्नी को आपत्तिजनक स्थिति में पकड़ा, फिर पत्नी ने रची साजिश
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मध्य प्रदेश में सीहोर के पार्वती थाना पुलिस ने जावर के कपड़ा व्यापारी बंगाली डॉक्टर की हत्या की गुत्थी सुलझा ली है. बंगाली डॉक्टर की हत्या के पीछे कोई और नहीं उसकी पत्नी ही निकली. पत्नी ने ड्राइवर सतीश कुमार के साथ मिलकर साजिश रची थी. ड्राइवर के साथ में महिला के पिछले 6 साल से अवैध संबंध थे. पति ने पत्नी और ड्राइवर को आपत्तिजनक स्थिति में देख लिया था. इसके बाद ड्राइवर और मृतक की पत्नी ने मिलकर डॉक्टर की हत्या का प्लान बनाया. ड्राइवर सतीश कुमार ने इस साजिश में अपने भतीजे अखिलेश को मिलाया और डॉक्टर की हत्या कर दी. (इनपुट-नवेद जाफरी)

पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की.
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जानकारी के मुताबिक 1 फरवरी को जिले के जावर के रहने वाले जीवन मंडल अचानक अपने घर से गायब हो गए थे. पत्नी ने दूसरे दिन थाने पहुंचकर गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई. पुलिस गुमशुदा इंसान की तलाश कर रही थी. तभी पार्वती थाना पुलिस को पारदी खैड़ी गांव के खेत में अज्ञात व्यक्ति का शव मिला. शव की जांच करने पर जीवन मंडल की निकली. प्रथम दृष्टया में ये मामला हत्या का लगा जिसके बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी.

पुलिस ने इस मामले में साइबर सेल की मदद लेकर किया केस सोल्व.
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पुलिस ने इस मामले में साइबर सेल की मदद ली और मोबाइल नंबर ट्रेस किए और पुलिस ने अखिलेश को हिरासत में लेकर सख्ती से पूछताछ की तो उसने पूरा राज उगल दिया. उसने बताया कि ड्राइवर चाचा सतीश कुमार के 6 साल से डॉक्टर की पत्नी से अवैध संबंध हैं. उसका पता डॉक्टर को चल गया था जिसके बाद वह अपनी पत्नी को परेशान करने लगा. जिसके चलते डॉक्टर को जान से मारने का प्लान बनाया. 

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पुलिस ने आरोपियों को किया गिरफ्तार किया.
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जब पहली बार सफल नहीं हो सके तो दूसरी बार भतीजे अखिलेश के साथ मिलकर बंगाली डॉक्टर जीवन मंडल की हत्या कर दी. पत्नी ने पुलिस को गुमराह करने के लिए झूठी गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई. मामले की जानकरी देते हुए एसपी एसएस चौहान ने बताया कि एक फरवरी को जावर में रहने वाले बंगाली डॉक्टर नाम के वाले व्यक्ति की लाठी-डंडों से पीटकर हत्या कर दी गई. वह मूलतः बंगाल का रहने वाला था. शुरुआत में वह दवाईयों की गोलियां बेचता था इसलिए बंगाली डॉक्टर के नाम से जाना जाता है. 

पत्नी ने थाने में आकर कराई थी गुमशुदगी की रिपोर्ट.
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उन्होंने आगे बताया कि उसकी पत्नी ने थाने में आकर गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई जिस पर पुलिस ने जांच पड़ताल शुरू की. जांच पड़ताल में पता चला कि अखलेश बंगाली डॉक्टर के ड्राइवर का भतीजा था. इसके बाद ड्राइवर को लेकर पूछताछ की तो सारी गुत्थी सुलझ गई. पूछताछ में पता चला कि मृतक की पत्नी के ड्राइवर से 6 साल से संबंध थे. पहले भी मृतक उसकी पत्नी आपत्तिजनक स्थिति में देख चुका था. पहले भी मृतक को उसकी पत्नी और ड्राइवर मारने की कोशिश कर चुके थे मगर असफल रहे. इस बार ड्राइवर ने उसके भतीजे के साथ मिलकर वारदात को अंजाम दिया.

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