वाराणसी में दो थप्पड़ से भड़ककर बदमाशों ने होलिका दहन की रात तीन लोगों को गोली मार दी थी. इस वारदात में कक्षा 9 में पढ़ने वाले छात्र की मौत हो गई थी. इस घटना में एक बच्ची और एक डाककर्मी भी घायल हुए थे उन दोनों को भी बदमाशों की गोली लगी थी. हैरान कर देने वाली घटना वाराणसी के मिर्जामुराद थाना क्षेत्र के बिहड़ा गांव की है. इस घटना के पीछे की वजह की जानकारी तीन आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद हुई.
(फोटो- रोशन जायसवाल)
बता दें कि होलिका दहन की रात (28 मार्च) को वाराणसी के मिर्जामुराद थाना क्षेत्र के बिहड़ा गांव में नशे में धुत 2 बदमाशों ने 9वीं कक्षा में पढ़ने वाले छात्र विनय यादव की गोली मारकर हत्या कर दी थी. इसके साथ ही बदमाशों की गोली से मौका-ए-वारदात पर खेल रही मासूम बच्ची पंखुड़ी और एक डाककर्मी चिराग सिंह (राहगीर) भी घायल हो गए थे.
दरअसल, घटना वाले दिन नशे में धुत आरोपी अजय और सूरज हाईवे- 19 की सर्विस लेन पर बेतरतीब ढंग से बाइक चलाते हुए आ रहे थे. जिससे कक्षा 9 में पढ़ने वाला छात्र विनय उनकी बाइक से टकराने से बच गया था. जिस वजह से वहां पर जुटे गांव के लोगों ने अजय और सूरज को थप्पड़ मार दिया था.
जिसके बाद दोनों गुस्से में राकेश नामक शख्स से असलहा लेकर वापस गांव आए इन दो बदमाशों ने विनय को गोली मार दी. इस गोलीबारी में एक छोटी बच्ची को भी गोली लग गई तो वहीं डाककर्मी चिराग सिंह को भी बदमाशों ने गोली मार दी थी. लेकिन दोनों खुशकिस्मती से इलाज के बाद ठीक हो गए.
पुलिस के मुताबिक क्राइम ब्रांच और मिर्जामुराद थाने के पुलिस की जांच में ढाबा और शराब की दुकान पर लगे सीसीटीवी कैमरे की मदद से हमलावर अजय यादव और सूरज की पहचान हुई और दोनों को देसी पिस्टल उपलब्ध कराने वाले का भी पता चला है. जबकि इन सभी को शरण देने वाले और मदद करने वाले एक अन्य आरोपी राकेश यादव की तलाश जारी है.
(प्रतीकात्मक फोटो)